Health and Fitness

पुरुषों के लिए कामदेव के वरदान से कम नहीं है हींग का सेवन, आयुर्वेद ने भी माना इसके गुणों का लोहा

Thursday, January 4 2018

पुरुषों के लिए कामदेव के वरदान से कम नहीं है हींग का सेवन, आयुर्वेद ने भी माना इसके गुणों का लोहा

तंदुरुस्‍ती » पुरुषों के लिए कामदेव के वरदान से कम नहीं है हींग का सेवन, आयुर्वेद ने भी माना इसके गुणों का लोहा पुरुषों के लिए कामदेव के वरदान से कम नहीं है हींग का सेवन, आयुर्वेद ने भी माना इसके गुणों का लोहा Wellness Updated: 12:23 दाल में तड़का लगाना हो या शिशु के पेट दर्द को दूर भगाना हो हींग भारतीय रसोई में मिलने वाला बड़े ही काम की औषधी है। आयुर्वेद में इसके लाभों के बारे में वर्णन मिलता है। हिंग खाने को स्‍वादिष्‍ट और खुशबूदार बनाने के साथ ही स्‍वास्‍थय के लिए भी बहुत उपयोगी है। आमतौर पर हींग गहरे लाल या फिर भूरे रंग की होती है। आपने इसका उपयोग खाने में करने से बहुत ही फायदें हैं। हींग में प्रोटीन, फाइबर, कार्बोहाइड्रेट, कैल्शियम, फास्‍फोरस, लौह, नियासिन और कैरोटिन के अलावा हींग में मौजूद एंटी वायरल, एंटी बायोटिक, एंटी ऑक्‍सीडेंट, एंटी इंफ्लेमेटरी जैसे मेडिकल गुण भी होते है। आइये जानते है कि हमारी रसोई में मिलने वाली साधारण सी डिबिया में बंद हींग किन किन समस्याओं से हमें निजात दिलाता है। पीरियड में दे राहत हींग में मौजूद एंटी-इनफ्लैमोटरी तत्व पीरियड्स से जुड़ी सभी तकलीफों जैसे कि क्रैंमप्स, अनियमित पीरियड्स या ज्यादा तकलीफ में राहत पहुंचाती है। इसके अलावा, ल्यूकोरिया और कैंडिडा इंफेक्शन जल्दी ठीक करने में भी हींग मदद करती है। पुरुषों के सेक्‍सुअल समस्‍या का रामबाण इरेक्टाइल डिसफंक्शन और समय पूर्व स्खलन की समस्या का आप आयुर्वेदिक समाधान चाहते है तो हींग एक अच्छा विकल्प बन सकता है। आपको करना कुछ नहीं है, एक गिलास गुनगुना गर्म पानी में एक चुटकी हींग का पाउडर मिलाकर रोजाना पीना है। खाली पेट रोजान सुबह हींग के इस मिश्रण को पीएं। असल में हींग इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या को बिना किसी साइड इफेक्ट के दूर करने में बहुत सहायता करती है। हींग शरीर के प्रजनन अंग में रक्त संचार को बढ़ाकर काम के उत्तेजना को बढ़ाती ब्लड शुगर लेवल कम करता है अगर आप ब्लड शुगर के मरीज है और ब्‍लड शुगर लेवल कम करना चाहते हैं? फिर तो आपको अपने खाने में हींग का उपयोग करना चाहिए। तभी ये अपना एंटी-डायबिटिक प्रभाव दिखा पाएगा। हींग इंसुलिन को छिपाने के लिए अग्नाशय की कोशिकाओं को उत्तेजित करता है जिससे कि ब्लड शुगर लेवल कम होता है। दर्द में राहत क्या आपको मालूम है कि हींग के सेवन से पीरियड्स, दांत, माइग्रेन आदि का दर्द ठीक किया जा सकता है? दरअसल, हींग में एंटीऑक्सीडेंट्स और दर्द निवारक तत्व मौजूद होते हैं, जो आपको दर्द से राहत दिलाने में मदद करते हैं। दर्द होने पर एक गिलास गर्म पानी में एक चुटकी हींग मिलाकर पी लें। दांत के दर्द में हींग और नींबू के रस का पेस्ट बनाकर लगाए। सर्दियों में दे खांसी और कफ से राहत हींग प्राकृतिक रूप से कफ को दूर करके छाती के कंजेस्शन को ठीक करता है। यह एक शक्तिशाली श्वसन उत्तेजक है। इसे शहद, अदरक के साथ मिलाकर खाने से खांसी व ब्रोंकाइटिस की समस्या में आराम मिलता है। हैंगऑवर उतारे अगर कल रात पार्टी में ज्‍यादा पी ली या अफीम जैसी वस्‍तु आपके खाने में आ गई है तो उनके नशे से बाहर निकलने के लिए हींग को छाछ या पानी में घोलकर पी जाएं। शरीर का तापमान नियंत्रित करता है अगर हैजा और तेज बुखार में कभी कभी शरीर ठंडा हो जाता हैं तो हींग को गर्म पाी में घोलकर हथेलियों पसलियों पर मलें। या फिर जरा सा हींग शहद में मिलाकर चाट लें। इससे शरीर का तापमान नियंत्रित होगा। सांस संबंधी समस्याओं से लड़ती है हींग प्राकृतिक रूप से बलगम को दूर करके छाती के कंजेस्शन को ठीक करता है। यह एक शक्तिशाली श्वसन उत्तेजक है। इसे शहद, अदरक के साथ मिलाकर खाने से खांसी व ब्रोंकाइटिस की समस्या में आराम मिलता है। बच्‍चों के गैस्टिक समस्‍या करे दूर नवजात शिशुओं में पेट दर्द बहुत ही आम बात है। हींग गैस्‍ट्रोइंटेस्टिनल ट्रैक्‍ट की लाइनिंग म्‍यूकस मेम्‍ब्रेन के शांत करताहै। अगर गैस से आपके बच्‍चा का पेट टाइट और फूला हुआ लग रहा है, तो वह गैस से त्रस्‍त हो सकता है। एक चम्‍मच में पानी गर्म करके उसमें हींग के टुकड़े डालकर एक पतला सा पेस्‍ट तैयार कर लें। फिर उसे नाभि के आसपास के क्षेत्र पर लगा लें। ध्‍यान रहे कि पेस्‍ट नाभि के अंदर न जाएं। कुछ देर बात शिशु को राहत मिल जाएंगी। त्वचा की समस्याओं को दूर करती है हींग में उच्च मात्रा में एंटी-इनफ्लैमोटरी तत्व होते हैं जिसकी वजह से इसे स्किन केयर उत्पादों में मिलाया जाता है। ये त्वचा की जलन और कॉर्न्स जैसी समस्याओं को दूर करने की क्षमता रखती है। त्वचा पर लगाने पर हींग अपना ठंडा प्रभाव दिखाती है और साथ ही त्वचा की समस्याओं के लिए उत्तरदायी बैक्टीरिया का भी सफाया करती है। English summary Ayurvedic health benefits of Hing or asafoetida Hing is quite useful in treating digestive disorder. Fried hing when taken with water helps in curing diarrhea and relieving gastric pain.

सर्दियों में रूखे हाथों को इन चीज़ों से बनाएं मुलायम

Friday, January 5 2018

सर्दियों में रूखे हाथों को इन चीज़ों से बनाएं मुलायम

Published: Friday, January 5, 2018, 16:12 क्‍या आप जानती हैं कि आपके हाथ आपकी उम्र का पता बड़ी जल्‍दी बता देंते हैं हैं? जी हां, यह बात बिल्‍कुल सच है। अक्‍सर सर्दियों में हाथ रूखे हो जाते हैं और अपनी नमी खो बैठते हैं जिस कारण से ऐसा लगता है कि मानों यह हाथ किसी जवान महिला के नहीं बल्‍कि किसी बूढ़ी औरत के हों। आइये जानते हैं कि सर्दियों में अपने हाथों का रूखापन किस तरह से मिटा सकते हैं। जैतून तेल यह एक कंप्‍लीट स्‍किन केयर तेल है क्‍योंकि इसमें विटामिन, मिनरल और प्राकृतिक मॉइस्‍चराइजिंग तत्‍व होते हैं। इसे चेहरे पर लगाने से चेहरा मुलायम बन जाता है। तो अगर आपको अपनी त्‍वचा को खूबसूरत बनाना हो तो, उस पर नहाने के बाद ऑलिव ऑइल लगाएं। जैतून तेल से अपने हाथों की मसाज करें और 1 घंटे के लिये ऐसे ही छोड़ दें, उसके बाद हाथों को गुनगुने पानी से धो लें। इसे रोजाना यूज करें और फिर देंखे आपके हाथ किस तरह से पूरे सीज़न भर मॉइस्‍चराइज रहते हैं। बादाम तेल बादाम का तेल आपकी त्वचा को मॉस्चराइज़ करता है। ऐसे लोग जिन्हें शुष्क त्वचा की समस्या है, यदि वे सप्ताह में दो बार बादाम के तेल का उपयोग करें तो उनकी त्वचा नम और कोमल बनी रहती है। रूखी त्‍वचा से छुटकारा दिलाने में बादाम तेल काफी मददगार होते हैं। इस तेल से अपने हाथों को मसाज करें और ऐसे ही रहने दें। आप इस उपाय को दिन में कई बार प्रयोग कर सकती हैं, जिससे आपके हाथ पूरे दिन मुलायम बने रहें। शहद शहद त्वचा के लिए एक अच्छा मास्चराइज़र है और त्वचा को प्रभावी तरीके से टोन करता है और दृढ़ बनाता है। रूखी त्‍वचा के लिये शहद काफी अच्‍छी होती है। शहद को प्रभावी एरिया पर 30-35 मिनट तक लगाए रखें और फिर गुनगुने पानी से धो लें। इस रेमिडी को डेली बेसिस पर यूज़ किया जा सकता है। दही दही बिल्‍कुल मॉइस्‍चराइजर की तरह यूज़ होता है जो कि ड्राई स्‍किन से तुरंत छुटकारा दिलाता है। आपको बस हाथों में दही से मसाज करना होगा। फिर 20-25 मिनट तक के लिये दही को हाथों में लगा छोड़ दें। और फिर पानी से हाथ धो लें। ऐसा दिन में दो बार करें। ऐसा करने से आपको बहुत ही अच्‍छा रिजल्‍ट मिलेगा। केला केला एक न्‍यूट्रिशन से भरा फल है जो कि सर्दियों में काफी ज्‍यादा स्‍किन को बचाता है। बस पके हुए केले को मैश करें और उसमें रोज वॉटर मिला लें। इस पेस्‍ट को पूरे हाथों में लगाएं और 20-25 मिनट के लिये छोड़ दें। फिर हाथों को गुनगुने पानी से धो लें। आप इस विधि को हफ्ते में 4-5 बार कर सकती हैं। एलो वेरा जेल यदि स्‍किन रूखी है तो ऐलो वेरा त्‍वचा में नमी पहुंचाने का काम करेगा। साथ ही यह स्‍किन में कसाव लाएगा और रूखा होने से बचाएगा। बस एलो वेरा के पौधे से 1 चम्‍मच एलो वेरा जेल निकालिये और उसे चेहरे पर लगा लीजिये। फिर 1 घंटे के बाद चेहरे को पानी से धो लीजिये। इस रेमिडी को दिन में 2-3 बार यूज़ करें। आपको रूखेपन से छुटकारा मिलेगा। English summary Remedies That Can Soothe Dry Hands During The Winter Season Do your hands get extremely dry during the winter season? Do they look cracked and dehydrated even after applying a moisturizer?Then, check out the remedies that can soothe dry hands. Story first published: Friday, January 5, 2018, 16:12 [IST] Jan 5, 2018 कीअन्यखबरें

शादी में चाहिये खूबसूरत बाल तो रोज़वॉटर है काफी फायदेमंद, जानें कैसे करें यूज़

Saturday, January 6 2018

शादी में चाहिये खूबसूरत बाल तो रोज़वॉटर है काफी फायदेमंद, जानें कैसे करें यूज़

बालों-की-देखभाल » शादी में चाहिये खूबसूरत बाल तो रोज़वॉटर है काफी फायदेमंद, जानें कैसे करें यूज़ शादी में चाहिये खूबसूरत बाल तो रोज़वॉटर है काफी फायदेमंद, जानें कैसे करें यूज़ Hair Care Updated: Saturday, January 6, 2018, 10:16 रोज वॉटर ना सिर्फ चेहरे के लिये ही फायदेमंद है बल्‍कि बालों की भी सारी समस्‍याओं को सुलझाने में मदद करता है। इसमें कोई कैमिल नहीं पाया जाता है इसलिये यह काफी फायदेमंद होता है और लोग इस पर आंख बंद कर के विश्‍वास भी करते हैं। अगर आपके बालों में कोई भी समस्‍या है तो आज हम आपको कुछ हेयर मास्‍क बनाना सिखाएंगे जिसे आप आराम से यूज कर के अपनी बालों की समस्‍या से निजात पा सकती हैं। यही नहीं अगर आपकी शादी होने वाली है और आप अपने बालों को शाइनी बनाना चाहती हैं, तो रोज वॉटर का यूज़ आपके लिये फायदेमंद हो सकता है। इन डीआईवाई रेसिपीज़ को बनाने में बिल्‍कुल समय नहीं लगता और ना ही पैसे खर्च होते हैं। तो आइये जानते हैं रोज वॉटर को यूज़ करने के तरीके... 1.फिज़ी हेयर रोज वॉटर और एलो वेरा जेल की एक बराबर मात्रा ले लें और इसे सिर पर कॉटन पैड से लगा लें। अपने सिर को 10-15 मिनट तक तब तक मसाज करें जब तक कि आपका सिर इसे सोख ना ले। आधे घंटे इसे सिर पर रखने के बाद सिर को धो लें। बाद में बालों में शैंपू कर लें। इसे महीने में तीन से चार बार लगाएं जिससे बाल और सिर दोंनो ही नरिश हो सकें। एलो वेरा से सिर का मॉइस्‍चराइजर बना रहेगा और बालों की फिजिनेस दूर होगी। 2. डैमेज हेयर के लिये अगर आपके बाल पूरी तरह से डैमेज हो चुके हैं और वो भी हीटिंग प्रोडक्‍ट की वजह से तो रोज वॉटर आपके काफी काम आ सकता है। ऑलिव ऑइल में दो कैप्‍सूल विटामिन ई के तेल की डालें और एक कप रोज वॉटर की डालें। इसे काफी अच्‍छी तरह से मिक्‍स करें और स्‍प्रे बॉटर में भर लें। इसे आप अपने बालों पर छिड़क कर बालों को एक अच्‍छा स्‍टाइल दे सकती हैं। 3. डल हेयर को बनाएं शाइनी बालों में शैंपू करने के बाद 1 कप रोजवॉटर से अपने बालों को आखिरी बार धोएं। इससे आपके बाल कंडीशन होंगे ओर बालों में अच्‍छी सी चमक आएगी। रोज वॉटर में काफी अच्‍छी खुशबू आती है। इसके बाद बालों में कंडीशनर लगाएं। 4. ऑइली बालो के लिये 3 अंडों को फेंट लें और उसमें ¼ cup रोज वॉटर और ¼ cup कप रम मिलाएं। इस घोल से अपने बालों को मसाज करें। सबसे पहले अपने सिर पर इसे लगाएं और धीरे धीरे बालों के छोर तक ले जाएं। अगर आपके बाल काफी ज्‍यादा ऑइली हो जाते हैं तो, इस शैंपू को अपने सिर पर कुछ मिनटों तक रखें। इससे आपके बालों से सारार तेल निकल जाएगा। इसके बाद आखिर में बालों को एक बार सिरके से जरुर धो लें क्‍योंकि यह शैंपू आपके बालों को ड्राई बना देगा। सिरके से आपके सिर की नमी बनी रहेगी। 5. रूसी दूर भगाने के लिये रोज़ वॉटर अगर आपके बालों में रूसी है तो उसका भी इलाज है रोज वॉटर के पास। 1 चम्‍मच पिसी मेथी पावडर, 2 चम्‍मच रोज वॉटर, 1 बूंद कार्निप इसेन्‍शियल ऑइल, 1 बूंद पिपरमिंट तेल मला कर पेस्‍ट बनाएं। अगर यह पेस्‍ट बहुत ज्‍यादा पतला हो गया हो तो इसमें थोड़ा सा मेथी पावडर और मिला लें। बालों में छोटी छोटी मांग निकालें और उसमें ये पेस्‍ट लगाएं। इसी तरह से पूरे सिर पर यह पेस्‍ट लगा लें। फिर इसे 40 मिनट तक सिर पर रख कर शैंपू से बाल धो लें। शैंपू के बाद बालों में रोजवॉटर लगाना ना भूलें। बेस्‍ट रिजल्‍ट के लिये इसे हर दूसरे दिन लगाएं। 6. बालों की ग्रोथ के लिये लाजवाब रोज वॉटर स्‍कैल्‍प को उत्‍तेजित करता है और ब्‍लड सकुर्लेशन को ठीक करने में मदद करता है। जिससे बाल बढते हैं। आपको बस बालों में रोज वॉटर स्‍प्रे करना है और फिर सिर की कुछ देर मसाज करनी है। आइये जानते हैं कि इसको और किस तरह से यूज़ कर सकते हैं। 1 चम्‍मच जोजोबा आइल के साथ 2 टीस्‍पून रोज वॉटर मिक्‍स करें। अपने सिर को नीचे की ओर छुका लें और बालों को नीचे पलट लें। फिर इसे अपने बालों में लगा कर मसाज करें। जब तक आपके बाल बढने शुरु न हो जाएं, तब तक इसे लगाएं। English summary Use rose water for great looking hair on D-Day You must have read about the many benefits of rose water for your skin. What you might not have known, is the many benefits rose water has for your hair as well.

KETO DIET पर हैं तो जानें क्‍या-क्‍या खाएं

Friday, January 5 2018

KETO DIET पर हैं तो जानें क्‍या-क्‍या खाएं

Published: 12:30 वजन कम करने के चक्‍कर में लोग बहुत सारी कोशिशे करते हैं पर भी उनका वजन कम नहीं होता। लोग तरह तरह की डाइट फॉलो करते हैं, जो यकीन मानिये बड़ी ही मुश्‍किल होती है। ऐसी ही एक डाइट है जिसका नाम कीटो डाइट होती है। आज कल फिटनेस लवर्स के बीच में कीटो डाइट काफी पॉपुलर होती जा रही है। दोस्‍तों, कीटो डाइट फॉलो करना कोई आसान बात नहीं है और खासतौर पर तब जब पता ही ना हो कि क्‍या खाना है। कीटो डाइट में kito diet में बहुत ही low कार्बोहाइड्रेट और हाई फैट डाइट ली जाती है, ताकि शरीर को kitosis स्थिति में लाया जा सके। कीटोसिस शरीर की ऐसी matabolic स्थिति है जिसमें शरीर ब्लड गुल्कोस (कार्बोहाइड्रेट) की बजाय फैट के टुकडो (ketones) को तोड़ कर एनर्जी के रूप में इस्तेमाल करता है। ये होता है जब आप पूरे दिन में 40 ग्राम से भी कम कार्बोहाइड्रेट डाइट में लेते है। यहां तक की आपका दिमाग भी फैट से मिली एनर्जी से चल रहा होता है। अगर आप कीटो डाइट लेना चाहते हैं और आपको पता नहीं कि क्‍या खाएं तो नीचे जरुर पढ़ें। 1. सीफूड सीफूड जिसमें मछलियां, केकड़े और श्रिंप शामिल हैं, बहुत अनुकूल आहार है। सल्मन और अन्य मछलियों में विटामिन, पोटेशियम और सेलेनियम आदि पाए जाते हैं। जिसमें बिल्‍कुल भी कार्ब नही होता। इसलिये इन चीजों को आप अपने कीटो आहार का हिस्‍सा बना सकते हैं। 2. कम-कार्ब वाली सब्जियां ऐसी सब्‍जियां जिसमें स्‍टार्च नही हैं, वो कैलोरी और कार्बोहाइड्रेट में कम होती हैं, लेकिन कई पोषक तत्वों में उच्च होती हैं। अधिकांश सब्जियों में बहुत कम कार्बोहाइड्रेट होतेा है। जैसे केल, ब्रोकोली और फूलगोभी और पत्‍ता गोभी आदि। 3. चीज़ आपको ढेर सारी वैराइटी की चीज मिल जाएंगी जिसमें कार्ब काफी कम मात्रा में होता है और फैट में हाई होता है। 28 ग्राम शेडर चीज में 1 ग्राम कार्ब और 7 ग्राम प्रोटीन की प्राप्‍ती होगी। 4. एवाकाडो एक मध्यम एवाकाडो में लगभग 9 ग्राम कार्बोहाइड्रेट और कई विटामिन और खनिज के अलावा उच्च मात्रा में पोटेशियम पाया जाता है। 5. मीट और पोल्‍ट्री मांस, कीटोजेनिक डाइट के लिए एक प्रमुख भोजन माना जाता है क्योंकि ये कार्बोहाइड्रेट में कम होते हैं और बी विटामिन तथा कई खनिजों में समृद्ध माने जाते हैं। मांस और पोल्ट्री उच्च गुणवत्ता वाली प्रोटीन का भी एक बड़ा स्रोत है, जो मासपेशियों को मजबूती प्रदान करने में बहुत सहायक होता है। 6. अंडे कीटोजेनिक डाइट के लिये अंडे काफी अच्‍छे होते हैं। एक बड़े अंडे में 1 ग्राम कार्बोहाइड्रेट और 6 ग्राम प्रोटीन होता है, जो कि केटोजेनिक जीवनशैली के लिए आदर्श भोजन बन सकता है। अंडे रक्त शर्करा के स्तर को स्थिर रखने में मदद करते हैं। 7. नारियल तेल नारियल के तेल में अनूठे गुण हैं जो कि एक कीटोजेनिक डाइट के लिए उपयुक्त आहार माने जाते हैं। तेल में मध्यम-श्रृंखला ट्राइग्लिसराइड्स होते हैं, जो सीधे नदी से ऊपर उठाए जाते हैं और केटोन्स में परिवर्तित या ऊर्जा के तीव्र स्रोत के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। नारियल तेल मोटे लोगों को वजन कम करने में मदद करता है। 8. प्‍लेन ग्रीक योगर्ट दही में उच्च प्रोटीन होता है। हालांकि इसमें कुछ कार्बोहाइड्रेट शामिल हैं, फिर भी यह एक किटोजेनिक आहार में शामिल किया जा सकता है। 150 ग्राम दही में 5 ग्राम कार्बोहाइड्रेट और 11 ग्राम प्रोटीन होता है। दही को जब भी खाएं तो उसमें दालचीनी और अखरोट मिला लें, इसका टेस्‍ट काफी अच्‍छा होता है। 9. बेरीज़ कीटोजेनिक डाइट में कई सारे फल नहीं खाए जा सकते हैं क्‍योंकि उनमें कार्ब की मात्रा काफी अधिक होती है। लेकिन बेरीज में कार्ब की मात्रा काफी कम होती है और फाइबर की मात्रा अधिक होती है। ब्‍लैकबेरीज और रसभरी में फाइबर पाए जाते हैं जो कि पाचन क्रिया को मजबूत बनाते हैं। 10. बटर डाइट में फैट शामिल करना है तो बटर खाएं। बटर मे काफी कम कार्ब होते हैं। यह आराम से हजम भी हो जाता है पर इसे थोड़ी कम मात्रा में ही खाएं। यह वेट लॉस करने के लिये बहुत ही अच्‍छा होता है। 11. नट्स नट्स और सीड्स उच्च वसा वाले खाद्य पदार्थ होते हैं और लो कार्ब की श्रेणी में आते हैं। ये फाइबर में उच्‍च होत हैं जो आपके पेट को भरने में मदद करते हैं और बहुत ही कम कैलोरी को अवशोषित करते हैं। आप केटोजेनिक आहार में बादाम, काजू, पिस्ता, चिया बीज, सन बीज आदि शामिल कर सकते हैं। English summary 11 Foods To Eat When On A Ketogenic Diet If you are planning to follow a ketogenic diet and do not know which foods to include, then you need to continue reading. Here is a list of 11 foods to eat when on a ketogenic diet. Story first published: 12:30 [IST] Jan 5, 2018 कीअन्यखबरें

रोटी खाएं या चावल, दोंनो में क्‍या है हेल्‍दी

Friday, January 5 2018

रोटी खाएं या चावल, दोंनो में क्‍या है हेल्‍दी

» रोटी खाएं या चावल, दोंनो में क्‍या है हेल्‍दी रोटी खाएं या चावल, दोंनो में क्‍या है हेल्‍दी Diet Fitness Published: 13:41 Chapati vs Rice, which is better | रोटी या चावल..कौन है बेहतर | Boldsky हमारे देश में चावल और गेंहू से बनी रोटी का बहुत ही ज्यादा महत्व है जिसको लेकर सदियों से हमारे यहाँ एक लगातर बहस चल रही है। इन दोनों अनाजों में कौन सबसे ज्यादा बेहतर है और कौन हमारे स्वास्थ्य के लिए ज्यादा लाभदायक है इसी बात की चर्चा समय समय पर होती रहती है। चाहे वो गेंहू से बनी रोटियाँ हों या फिर चावल हो, दोनों ही अनाज बहुत बड़े पैमाने पर पूरी दुनिया में इस्तेमाल होता है। आपको बता दें कि इनका इस्तेमाल नाश्ते में होता है, दिन के समय लंच में होता है और रात के डिनर में भी होता है। इन अनाजों चाहे वो गेंहू हो या चावल, दोनों के ही अपने अपने फायदे और नुकसान हैं और इसी वजह से इन दोनों के न्यूट्रीशनल मूल्यों को लेकर समय समय पर कई सारे सवाल उठते रहें हैं। चावल की तुलना में गेंहू से बनी रोटियों का इस्तेमाल करने से हमें ढेर सारी ऊर्जा मिलती है और इनमे फैट की मात्रा कम होने की वजह से हमें ह्रदय संबंधी समस्या और डायबिटीज जैसी गंभीर समस्या होने की संभावना कम होती है। चावल और रोटी दोनों का ही कार्बोहाइड्रेट लेवल और कैलोरी लेवल एक समान रहता है। ये दोनों अनाज केवल अपने न्यूट्रीशनल मूल्यों के लेकर ही एक दूसरे से भिन्न होते हैं इसलिए आइये इस आर्टिकल के माध्यम से जानते हैं कि कैसे ये दोनों एक दुसरे से अलग हैं। 1- चावल में फाइबर नहीं होता हम लोग अधिकतर पॉलिश किया हुआ चावल या फिर सफ़ेद चावल का इस्तेमाल करते हैं जिसमें से फाइबर जोकि चावल की भूसी और चोकर में होता है, को दूर कर दिया जाता है जिसकी वजह से ये सफ़ेद नजर आते हैं। इस प्रक्रिया में चावल में मौजूद ज्यादतर माइक्रो-न्यूट्रीयेंट्स जैसे विटामिन और मिनरल्स बाहर निकल जाते हैं। इस तरह से चावल में विटामिन बी कॉम्पलेक्स, आयरन और कैल्शियम की कमी हो जाती है जिसकी वजह से यह स्वास्थ्य के लिए बहुत अधिक फायदेमंद नहीं माना जाता है। रोटी में फाइबर होता है वहीँ दूसरी तरफ गेंहू से बनी रोटियों में बहुत अधिक मात्रा में फाइबर, प्रोटीन और मिनरल्स जैसे आयरन, कैल्शियम, सेलेनियम, पोटैशियम और मैग्नीशियम पाए जाते हैं जिसकी वजह से यह ज्यादा फायदेमंद होती हैं। 2- चावल आसानी से पच जाता है चावल में स्टार्च बहुत अधिक मात्रा में पाया जाता है जिसकी वजह से यह आसानी से पच जाता है। गेंहू से बनी रोटी धीरे धीरे पचती है तो वहीं दूसरी तरफ चावल की तुलना में गेंहू से बनी रोटी धीरे धीरे पचती है और इसी वजह से रोटी खाने से आपको देर तक भूख नहीं लगती है। 3- चावल की न्यूट्रीशनल वैल्यू कम होती है चाहे चावल हो या रोटी दोनों के इस्तेमाल से हमें फोलेट और पानी में घुलनशील विटामिन बी मिलता है लेकिन चपाती की तुलना में चावल में ज्यादा मात्रा में फोलेट पाया जाता है। रोटी में न्यूट्रीशनल बहुत अधिक होती है आपको बता दें कि रोटी में बहुत अधिक मात्रा में प्रोटीन और फाइबर होने की वजह से इसकी न्यूट्रीशनल वैल्यू चावल से ज्यादा होती है। 4- चावल से नहीं मिलता कैल्‍शियम चावल हो या रोटी हो, दोनों में ही समान मात्रा में आयरन पाया जाता है लेकिन चावल में फॉस्फोरस, पोटैशियम और मैग्नीशियम कम मात्रा में होता है जबकि इसमें कैल्शियम की मात्रा तो बिल्कुल भी नहीं होती है। रोटी में सभी जरुरी मिनरल्‍स पाए जाते हैं इसके अलावा आपको बता दें कि हर एक चपाती में चावल की अपेक्षा बहुत अधिक मात्रा में कैल्शियम, फॉस्फोरस, आयरन और पोटैशियम जैसे जरुरी मिनरल्स पाए जाते हैं। 5- चावल ब्‍लड शुगर लेवल को तेजी से बढाता है आपको बता दें कि चावाल का ग्लाईसीमिक इंडेक्स गेंहू की तुलना में बहुत अधिक होता है जिसका मतलब होता है कि यह आपके शरीर में बहुत अधिक तेजी से ब्लड शुगर के लेवल को बढाने का काम करता है जिससे आपको डायबिटीज जैसी खतरनाक बीमारी होने की संभावना बढ़ जाती है। रोटी को डायबिटीज में खा सकते हैं वहीं दूसरी तरफ रोटी का सेवन करना उन लोगों के लिए अच्छा डाइट प्लान होता है जिनको डायबिटीज जैसी गंभीर समस्या होती है। English summary Rice vs Wheat: Which is better for health Although, rice or roti both have similar carbohydrate levels and calorific value, they differ in nutritional value. Let's check out: Story first published: 13:41 [IST] Jan 5, 2018 कीअन्यखबरें

सिर्फ सेक्‍स पॉवर ही नहीं बढ़ाता है वियाग्रा, इन मर्ज के लिए भी है कमाल की दवा

Friday, January 5 2018

सिर्फ सेक्‍स पॉवर ही नहीं बढ़ाता है वियाग्रा, इन मर्ज के लिए भी है कमाल की दवा

तंदुरुस्‍ती » सिर्फ सेक्‍स पॉवर ही नहीं बढ़ाता है वियाग्रा, इन मर्ज के लिए भी है कमाल की दवा सिर्फ सेक्‍स पॉवर ही नहीं बढ़ाता है वियाग्रा, इन मर्ज के लिए भी है कमाल की दवा Wellness Updated: 15:33 वियाग्रा का नाम सुनते ही आपके दिमाग में अजीब अजीब से बातें घूमने लगती होंगी कि क्‍योंकि आज तक हम वियाग्रा को सिर्फ सेक्‍स पॉवर बढ़ाने वाली दवा के नाम पर ही जानते है। क्‍योंकि आज तक हमें इसके दूसरे फायदों के बारे में बताया ही नहीं गया। बहुत कम लोग जानते है कि वियाग्रा दूसरे मर्ज को ठीक करने के भी काम आता है। ये सिर्फ पुरुषों में सेक्‍स पॉवर ही नहीं बढ़ाता है। इस दवाई के और भी कईं फायदे होते हैं जिनके बारे में लोगों को मालूम ही नहीं है। तो चलिए आज हम आपको वियाग्रा के उन फायदों के बारे में बताते है। 'हिमालया वियाग्रा' कहे जाने वाले इस कीड़े की लाखों में है कीमत पीरिड्स के दर्द को कम करता है वियाग्रा पीरियड्स में होने वाले पेट के दर्द को कम करने में भी सहायक होता है, लेकिन इसका इस्तेमाल रेग्युलर दवाइयों के तौर पर नहीं करना चाहिए। डॉक्‍टर से पूछकर ही इसे लीजिए। पौधों को हरा-भरा रखे अगर आपके घर में कोई पौधा है जो मुरझाने के करीब है तो उस पौधे की मिट्टी में वियाग्रा मिला दीजिए और सुबह शाम उस पर पानी डालिए। पौधा जल्द ही दोबारा से हरा-भरा हो जाएगा। 'वियाग्रा' से भी ज्‍यादा असरदार है तरबूज वियाग्रा की आईस्क्रीम आप सुनकर थोड़ा आश्‍चर्य होगा कि वियाग्रा की आइसक्रीम भी बाजार में उपलब्‍ध है। अगर आपको इस आइस्‍क्रीम का मजा चखना है तो इसके लिए विदेश ही जाना होगा। लेकिन अभी ये भारत में उपलब्ध नहीं है। विदेशों में वियाग्रा बेस्‍ड आइस्‍क्रीम की काफी डिमांड है। बैली फैट कम करता है वियाग्रा जितना ज्‍यादा सेक्‍स पॉवर बढ़ाता है इसे खाने बैली फैट भी जल्दी कम हो जाता है। दरअसल वियाग्रा खाने से पेट की चर्बी कम होती है। कई रिसर्च में ये बात साबित भी हो चुकी है। प्री मैच्यर बच्‍चों के लिए विकास के लिए वियाग्रा प्री मैच्यर बच्चों के लिए बहुत फायदेमंद है। जिन बच्‍चों का विकास गर्भ में सही ढंग से नहीं हो पाता है। वो माएं अगर वियाग्रा का सेवन करें तो गर्भ और प्‍लेसेंटा में ब्‍लड सर्कुलेशन सही रहता है इससे शिशु को बेहतर पोषण और ऑक्‍सीजन मिल पाता है। जो बच्‍चें समय से पहले हो जाते है उनके जीवन के लिए वरदान है वियाग्रा। ये मिथ है ज्‍यादातर लोग वियाग्रा के बारे में सिर्फ एक ही बात सोचते है कि ये सेक्स लाइफ को मज़ेदार बनाती है। दरअसल ऐसा नहीं है ये सिर्फ सेक्स टाइम को थोड़ा और बढ़ा देती है। भारी भोजन न करे अगर आप वियाग्रा का इस्तेमाल करने वाले हैं तो इसके आधे घंटे पहले या बाद में कुछ भारी भोजन न करें। इससे आप बीमार हो सकते हैं। क्‍योंकि भारी भोजन करने से इसका असर कम हो जाता है। जरुरत से ज्‍यादा इस्‍तेमाल न करें वियाग्रा का रोज़ इस्तेमाल करने से नैचुरल सेक्स पॉवर में कमी आती है। इसलिए इसका इस्तेमाल रोज़ न करें वरना ये आपको नुकसान पहुंचा सकता है। सबसे ज्‍यादा बिकने वाली ड्रग्‍स वियाग्रा दुनिया का सबसे ज़्यादा बिकने वाला ड्रग है। 2012 से 2015 के बीच में इस दवाई को सबसे ज़्यादा ऑनलाईन खरीदा गया था। लेकिन इसमें भी एक रिस्‍क है, ज़रूरी नहीं कि वो असली हो, अगर वियाग्रा नकली हो तो कई तरह की बीमारियां आपको झेलनी पड़ सकती हैं। हैवी होता है डोज वियाग्रा की ही तरह एक और दवाई आती है जिसे Revatio कहते है, दुनिया के कई देशों में वियाग्रा की जगह इसी दवाई का उपयोग किया जाता है। कहा जाता हे कि जो ऑरिजनल वियाग्रा होता है वो खाना बहुत मुश्किल काम होता है क्‍योंकि उसकी डोज बहुत हैवी होती है। English summary Facts About Viagra That Will Shock You Viagra has reached new heights and has gone under many clinical trials to perfect this drug for other common problems in humans, like depression and high blood pressure.

पपीता और नींबू खाने के है एक से बढ़कर एक आयुर्वेदिक फायदे

Saturday, January 6 2018

पपीता और नींबू खाने के है एक से बढ़कर एक आयुर्वेदिक फायदे

» पपीता और नींबू खाने के है एक से बढ़कर एक आयुर्वेदिक फायदे पपीता और नींबू खाने के है एक से बढ़कर एक आयुर्वेदिक फायदे Wellness Updated: Saturday, January 6, 2018, 11:14 पपीते और नींबू को मिलाकर खाने से शरीर को कई लाभ मिलता है। आपको नहीं मालूम होगा लेकिन इन दोनों फलों को एक साथ खाने के कई फायदें है। पपीते में कई औषधीय गुण होते हैं जो शरीर पर बहुत अच्‍छा प्रभाव डालते हैं। यदि पपीते पर नींबू का रस छिड़क कर खाया जाए, तो यह और अधिक फायदा करता है। अगर आप चाहें तो पपीता और नींबू का ज्‍यूस बनाकर भी पी सकते हैं। याद रहें, पपीते के जूस को तुरंत ही पी लेना चाहिए वरना यह थक्‍के के रूप में जम जाता है जैसे- दही। इससे कब्‍ज और पाचन क्रिया सम्‍बंधी समस्‍या नहीं होती है। विटामिन A, B और C तथा फाइबर से भरपूर पपीता और नींबू पेट, आंख और त्वचा के लिए बहुत ही फायदेमंद होता है। इसके अलावा फॉस्फोरस, पोटैशियम, आयरन, एंटीऑक्सीडेंट्स, काबरेहाइड्रेट, प्रोटीन, सोडियम तथा अन्य खनिज-लवण भी मौजूद रहते हैं, जो स्वस्थ रहने के लिए आवश्यक होते हैं। आइए जानते हैं कि पपीते और नींबू के जूस को पीने से क्‍या लाभ होता है: कब्ज से मुक्ति आपको बता दे कि पपीते का सेवन पेट के लिए अच्छा होता है। पपीते के छोटे-छोटे टुकड़े करके काली मिर्च का चूर्ण, सेंधा नमक और नींबू का रस मिलाकर सेवन करने से भोजन के प्रति अरुचि की शिकायत दूर होती है और भोजन सरलता से हजम हो जाता है।इसमे पपाइन नामक एंजाइम पाया जाता है, जो आहार को पचाने में अत्यंत मददगार साबित होता है। इसके सेवन करने से मंदाग्नि की शिकायत दूर होती है। इसमें दस्त और पेशाब की समस्या को दूर करने का गुण है। लीवर, सिरोसिस और कैंसर से बचाव: पपीते और नींबू रस लीवर सिरोसिस के लिए काफी लाभदायक घरेलू उपाय है। पपीता लीवर को काफी मज़बूती प्रदान करता है और नींबू लीवर को पित्त(बाइल) के उत्पादन में सहायता करता है और शरीर से विषाक्त पदार्थ को निकालने में भी मदद करता है। इसलिए हर रोज दो चम्मच पपीता के रस में आधा चम्मच नींबू का रस मिलाकर पिएं। आंखों के लिए फायदेमंद नींबू और पपीते में मौजूद विटामिन ए आंखों की कमजोरी को दूर करता है। पपीते में कैल्श्यिम, कैरोटीन के साथ विटामिन ए विटामिन बी, और सी, डी की की भरपूर मात्रा होती है। जो आंखों की दिक्कतों को खत्म करती है।इसके सेवन से रतौंधी रोग का निवारण होता है और आंखों की ज्योति बढ़ती है।आंखों की दृष्टि अच्‍छी बनाएं रखने के लिए इसका सेवन जरूर करे। जिन बच्‍चों को कम उम्र में ही चश्‍मा लग जाता है उनके लिए यह बेहद लाभकारी होता है।इसके अलावा विटामिन ए भी उम्र से संबंधित धब्बेदार पतन के विकास को रोकता है और आँखों के लिए स्वास्थ्य वर्धक माना जाता है वजन घटाने मे कारगर नियमित रुप से सुबह खाली पेट पपीते और नींबू के रस का सेवन करें।नींबू और पपीते में पेक्टिन फाइबर प्रचुर मात्रा में होता है जो भूख की प्रबल इच्छा से लड़ने में मदद करता है और आप एक लंबे समय के लिए तृप्त महसूस करते है। पेट को भरा भरा महसूस करवाने के साथ यह आंतों के कार्यों को ठीक रखता है जिसके फलस्‍वरूप वजन घटाना आसान हो जाता है। इसके बाद अपना वजन चेक करें उसमें निश्चित ही कमी दिखेगी। इसके सेवन से कमर की अतिरिक्त चर्बी कम होती है। दिल का रखवाला नींबू और पपीता फाइबर, विटामिन सी और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर है और धमनियों में कोलेस्ट्रॉल के निर्माण को कम करता है। बहुत अधिक कोलेस्ट्रॉल का निर्माण धमनियों को ब्लॉक कर सकता है और दिल का दौरा पड़ने का कारण बन सकता है। नींबू का सेवन नसों में निरन्तर रक्त संचार सुचारू करने में सक्षम है। और दिल दौरे और अटैक को रोकने में सक्षम है। ब्‍लडप्रेशर में कारगार नींबू में पोटाशियम भी होता है जो ब्लड प्रेशर नियंत्रित करता है और ब्रेन एवं नर्व सिस्टम को दुरूस्त करता है। पपीता में भी ब्लडप्रेशर ठीक करने प्राकृतिक गुण छिपे हुयें है। इन दोनों के सेवन से कुछ समय के लिए उसका शरीर रिलैक्‍स हो जाता है क्‍योंकि उसके शरीर से तनाव दूर करने वाले हारमोन्‍स की मात्रा बढ़ जाती है। इनमे मौजूद कई पोषक तत्व शरीर को मौसम बदलने के साथ होने वाले संक्रमणों से दूर रखने में मदद रखता हैं। तनाव मुक्‍त करें: अगर कोई व्‍यक्ति बेहद तनाव में हैं उसे यह पेय पिलाएं। पपीता और नींबू का कॉम्‍बो व्‍यक्ति के शरीर में विटामिन सी की मात्रा एकदम से बढ़ा देता है और कुछ समय के लिए उसका शरीर रिलैक्‍स हो जाता है क्‍योंकि उसके शरीर से तनाव दूर करने वाले हारमोन्‍स की मात्रा बढ़ जाती है। प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाएं अगर किसी बच्‍चे में की इम्‍यूनिटी स्‍ट्रांग नहीं है तो उसे पपीता और नींबू का रस मिलाकर पिलाएं। इससे उसकी प्रतिरक्षा प्रणाली मजबूत होगी और उसकी कार्य करने की क्षमता में इजाफा होगा। English summary Amazing Health Benefits of Papaya and Lemon Curious about what are the health benefits of papaya juice and lemon? Well, read more to find out how it can help you.. Please Wait while comments are loading...

इस चाइनीज़ फैमिली ने एक साथ घटाया मोटापा, PICS हो रही हैं VIRAL

Saturday, January 6 2018

इस चाइनीज़ फैमिली ने एक साथ घटाया मोटापा, PICS हो रही हैं VIRAL

Published: Saturday, January 6, 2018, 11:19 नए साल पर बहुत से लोग अपना मोटापा घटाने के लिये न्‍यू इयर रिजॉसल्यूशन लेते हैं, लेकिन उसे तोडने में वह ज़रा सा भी संकोच नहीं करते। ऐसे में एक चाइनीज़ फैमिली ने मोटापे को बड़ी ही गंभीरता से लिया है और उसे 6 महीने में खतम करने का निश्‍चय लिया। अगर आप मोटे हैं या फिर आपका पूरा परिवार मोटापे का शिकारा है तो, आप को यह चाइनीज़ फैमिली काफी प्रेरणा देगी। आज हम आपको चाइना में रहने वाले एक 32 साल के फोटोग्राफर Jesse और उसके परिवार वाले के बारे में बताएंगे, जिसने साथ मिल कर वजन घटाने जैसा मुश्किल काम सिर पर लिया। इस परिवार ने 6 महीने तक कड़ी महनत कर के अपना वजन घटाया। इस फैमिली ने इस चीज़ को एक चैलेंज के रूप में लिया। इन सभी ने एक दूसरे का काफी सपोर्ट भी किया। Jesse ने ना केवल खुद को फिट रखने की सोंची बल्‍कि अपनी फैमिली को भी इसके लिये प्रेरित किया। उनकी वाइफ प्रेगनेंट थी, जिसे डिलवरी होने के बाद उसने उसको भी अपना बढ़ा हुआ वजन कम करने के लिये मोटिवेट किया। इसके अलावा Jesse के पिता शराब पीते थे, जिसे उसने छोड़ने को कहा और लाइफस्‍टाइल चेंज करने को बोला। Jesse ने अपने पूरे परिवा की पिक इंस्‍टाग्राम पर शेयर की है, जिसे देख कर लोंगो का यकीन करना मुश्‍किल हो रहा है। उनकी पहले और बाद वाली images अविश्वसनीय और बहुत ही मोटिवेटिंग हैं। इस परिवार ने पहले ब्रिस्क वॉकिंग से शुरूआत की और फिर जॉगिंग शुरू की। इसके बाद जिम में लगातार वर्कआउट किया। उनकी पहले और अब की तस्वीरें देखकर आप चौंक जाएंगे। पहले इस परिवार ने 10 मार्च से 30 सितंबर तक का टारगेट रखा था और बाद में उनका ये एक्सरसाइड रूटीन आदत बन गया। यह फैमिली अपने रिजल्‍ट को हर दिस दिनों में मापती थी और उसके अनुसार ही दूसरा वर्कआउट प्‍लान करती थी। आप इन पिक्‍स में देख पा रहे होंगे कि पहले दोनों पुरुषों के पेट काफी ज्‍यादा निकले हुए थे। और अब जब 6 महीने बीत चुके हैं तब इनके 6 पैक एक्‍स हैं। दादाजी को पहचानना लगभग मुश्किल है क्‍योंकि वह Jesse's के भाई की तरह लगने लगें। English summary Chinese family's 6 months weight loss transformation Losing weight is not always as difficult as it may seem at first. But motivation from your friends and family can help you in achieving the desired results. Something similar happened with this 32-year-old Chinese photographer, Jesse. Story first published: Saturday, January 6, 2018, 11:19 [IST] Jan 6, 2018 कीअन्यखबरें Please Wait while comments are loading...

STD ही नहीं इन 11 वजह से पेनिस में हो जाते है घाव और चकते

Monday, January 8 2018

STD ही नहीं इन 11 वजह से पेनिस में हो जाते है घाव और चकते

तंदुरुस्‍ती » STD ही नहीं इन 11 वजह से पेनिस में हो जाते है घाव और चकते STD ही नहीं इन 11 वजह से पेनिस में हो जाते है घाव और चकते Wellness Updated: Monday, January 8, 2018, 9:56 [IST] Subscribe to Boldsky पुरुषों के लिए पेनिस की सफाई करना भी बहुत जरुरी होता है। कभी कभी इसे नजरअंदाज कर देना पुरुषों के लिए बहुत बड़ी मुश्किल हो सकती है। पुरुषों को ये बात समझना चाहिए कि न सिर्फ यौन संचारित रोगों (एसटीडी) की वजह से ही नहीं पुरुषों में साफ सफाई या स्किन इंफेक्‍शन की वजह से उनके लिंग या पेनिस पर ये 11 तरह की समस्‍याएं हो सकती है। इन समस्‍याओं को नजरअंदाज करने पर यह समस्‍याएं आगे चलकर बड़ी पीड़ादायक हो सकती है। पुरुषों के लिंग पर रेडनेस, खुजली, दाने आदि हो सकते हैं। एसटीडी के अलावा विभिन्न तरह के स्किन इन्फेक्शन से भी आपकी पेनिस में ये समस्याएं हो सकती हैं। आइए जानते है कि पुरुषों के पेनिस के साथ किस किस तरह की समस्‍याएं हो सकती है। सेक्स से जुड़े ऐसे 11 सवाल, जिनका जवाब जानना ज़रूरी है! स्मेग्मा अगर आप रोज़ाना अपने लिंग को साफ नहीं करते हैं तो एक चिपचिपा दिखने वाला पदार्थ, जिसे स्मेग्मा करते हैं, लिंग की त्वचा के भीतर बन जाता है। शिश्नमल एक प्राकृतिक स्नेहक है जोकि लिंग की नमी बनाए रखता है। यह लिंग के सिर और चमड़ी के नीचे पाया जाता है। यदि शिश्नमल चमड़ी में बनाता है तो इससे बदबू आना, बैक्‍टीरिया का पनपना, जलन और ब्‍लानिटिस हो जाता है। ब्‍लानिटिस स्वच्छता की कमी के अलावा साबुन, दवा या कंडोम की वजह से होने वाली त्वचा में जलन के कारण पेनिस के फॉरस्किन पर ब्‍लानिटिस हो जाता है। पुरुषों के लिए कामदेव के वरदान से कम नहीं है हींग का सेवन, आयुर्वेद ने भी माना इसके गुणों का लोहा सीबमयुक्त त्वचाशोथ इसमें भी एक स्किन समस्या है, जो पेनिस को प्रभावित कर सकती है। इसमें स्किन पर लाल निशान और खुजली होने लगती है। फॉरस्किन के आसपास रेशेज और लाल चकते हो सकते है। स्केबीज- स्‍कैबीज घुन से होने वाला खुजली वाला त्वचा का संक्रमण है। इसके अंडो और मल से होने वाले एलर्जिक प्रतिक्रिया के कारण रोगी को दाने या मुंहासे होते हैं। ये एक दर्दनाक स्किन इन्फेक्शन है, जो पेनिस को प्रभावित कर सकता है। इससे पेनिस की स्किन पर फफोले, खुजली और फोड़े हो सकते हैं। लाइकेन प्लानस लाइकेन प्लानस चकते और फोड़े के कारण होते हैं, जो आपके पेनिस को प्रभावित कर सकते हैं। ये बैंगनी रंग के फोड़े होते हैं। हालांकि इनके होने का कोई मुख्य कारण सामने नहीं आया है। लोम या फोलिकुलिटिस ये एक तरह का एक त्वचा रोग है और यह एक प्रकार का सतही पायडोरमा माना जाता है। यह एक बालकूप का संक्रमण है। बैक्टीरिया और फंगस बालों की जड़ में होने वाले रोग हैं। ये पैर, पीठ और चेहरे के अलावा लिंग पर भी हो सकते हैं। अगर पेनिस के आसपास किसी तरह के फोड़े हैं, तो शेविंग करने से बचें। कंडोम या लेटेक्‍स एलर्जी लेटेक्स एलर्जी से भी पेनिस में जलन पैदा हो सकती है। ये कंडोम के इस्तेमाल से हो सकती है। दरअसल कंडोम निर्माण में लेटेक्स का इस्तेमाल किया जाता है। इनवर्स सोरायसिस पेनिस में होने वाला एक आम लक्षण है। इसमें पेनिस के सॉफ्ट हिस्से पर घाव या नोक पर फोड़े हो जाते हैं। ये टाइट कपड़े पहनने या क्रीम लगाने से हो सकता है। दाद या स्किन इन्फेक्शन दाद या स्किन इंफेक्‍शन की वजह से भी पेनिस पर रिंग के आकार जैसे पैचेस बन सकते हैं। स्किन इन्फेक्शन त्वचा से त्वचा के संपर्क में आने से हो सकता है। युरथ्राइटिस युरथ्राइटिस (Urethritis) की वजह से ब्लैडर से निकलने वाले पेशाब की ट्यूब में इन्फेक्शन हो सकता है। इससे पेशाब करते समय जलन और खुजली हो सकती है। यूरिनरी इंफेक्‍शन मूत्र मार्ग में संक्रमण पेनिस में तीव्र बेचैनी का एक आम कारण है। ये बैक्टीरिया के कारण होता है और इसमें पेशाब में तेज जलन होती है। इसमें लिंग से एक सफेद या झागदार तरल निकलता है साथ ही पेशाब करते समय जलन या दर्द का होता है। English summary Itchy & Burning Penis--Causes, Symptoms, Treatment If you are experiencing burning or itchy sensations on your penis, you may have a sexually transmitted disease. For most men, this sensation is very recognizable. Please Wait while comments are loading...

दुबले-पतले लोग नहीं होंगे अब शर्मिंदा, वेट बढ़ाने के लिए अपनाएं ये 10 आयुर्वेदिक तरीके

Monday, January 8 2018

दुबले-पतले लोग नहीं होंगे अब शर्मिंदा, वेट बढ़ाने के लिए अपनाएं ये 10 आयुर्वेदिक तरीके

Published: Monday, January 8, 2018, 10:36 [IST] Subscribe to Boldsky आज के दौर में जहां सारी दुनिया वजन कम करने के तमाम तरीके अपना रही है और उसके लिए इतनी म्हणत कर रही है वहीं कुछ लोग ऐसे भी हैं जो अपने शरीर के कम वजन से परेशान हैं और उसे बढ़ाना चाहते हैं। वास्तव में पुरुष या महिला के शरीर का वजन उसकी लम्बाई और उम्र के आधार पर निर्धारित किया गया है जिसकी मदद से आप यह जान सकते हैं कि आपका वजन आपकी लम्बाई के हिसाब से उपयुक्त है या नहीं। अगर आप भी उन लोगों में से हैं जो बहुत दुबले पतले हैं और वजन बढ़ाने के लिए तमाम तरह के सप्लीमेंट का इस्तेमाल करते हैं तो ऐसा ना करें। आपको जानकर हैरानी होगी कि आयुर्वेद में ऐसे कमाल के नुस्खे दिए गये हैं जिनकी मदद से आप बहुत आसानी से अपना वजन बढ़ा सकते हैं बशर्ते आप उनके सारे नियमों को सही से पालन करें। जानिए लड़कों के दुबले होने के कारण और इसका उपाय जीवा आयुर्वेद के डायरेक्टर और आयुर्वेदाचार्य डॉ. प्रताप चौहान के अनुसार, किसी भी इंसान को अपना वजन हमेशा नियंत्रित रखना चाहिए, ना उससे कम होना चाहिए न ही उससे ज्यादा होना चाहिए। आयुर्वेद में हर चीज के संतुलन पर विशेष ध्यान दिया जाता है और यही नियम आपके खान पान और वजन पर भी लागू होता है। आपको बता दें कि सप्लीमेंट का इस्तेमाल करने से लीवर और किडनी पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ताहै जिसका असर काफी दिनों बाद किसी गंभीर बीमारी के रूप में नज़र आता है। इसलिए इन चीजों से परहेज करें। यहां वजन बढ़ाने के लिए 10 प्रमुख आयुर्वेदिक तरीके बता रहे हैं जिनकी मदद से आप हेल्दी तरीके से अपना वजन बढ़ा सकते हैं। आइये जानते हैं : 1. सोयाबीन का सेवन करें अपनी डाइट में सोयाबीन का सेवन बढ़ा दें। सोया में प्रोटीन कि प्रचुरता होती है जो मांसपेशियों के बनने में अहम भूमिका निभाता है। अगर संभव हो तो रोजाना फल खाएं या फलों का जूस पिएं। 2. रेड मीट खाएं ये नहीं कर सकते तो हफ्ते में कम से कम 3 दिन ऐसा ज़रूर करें। अगर आप मांसाहारी हैं तो हफ्ते में दो बार रेड मीट का सेवन करें। 3. दही, घी, दूध शामिल करें रोजाना के खानपान में दही, घी, दूध, गन्ना, चावल, काला चना, और गेंहू को ज़रूर शामिल करें। ये सभी चीजें वजन बढ़ाने में बहुत मददगार हैं। 4. एक्सरसाइज करना ज़रूरी वजन बढ़ाने का यह मतलब बिल्कुल ही नहीं है कि आप एक्सरसाइज करना बंद कर दें। वास्तविकता में वजन बढ़ाने के लिए भी एक्सरसाइज करना ज़रूरी है जिससे शरीर का मेटाबोलिज्म ठीक रहे और आप जो भी चीजें खा रहे हैं वो आसानी से पच सकें। 5. लौंग, लहसुन, इलायची शामिल करें अपनी डाइट में लौंग, लहसुन, इलायची, काली मिर्च इत्यादि मसालों की थोड़ी मात्रा शामिल करें। ये मसाले भी वजन बढ़ाने में मदद करते हैं। 6. रात में भरपूर नींद लें रात में भरपूर नींद लें। सोते समय अपने आस पास मोबाइल ,लैपटॉप या टीवी का इस्तेमाल बिल्कुल ना करें। अच्छी नींद के लिए सोने से पहले गाय के दूध में एक चुटकी हल्दी मिलाकर पिएं। 7. चबा-चबाकर खाएं खाने को खूब चबा-चबाकर खाएं, जल्दबाजी में कभी भी खाना नहीं खाना चाहिए। धीमे धीमे चबाकर खाने से ज्यादा लार बनती है जिससे पाचन सही होता है। 8. मोबाइल चलाते हुए कभी भी खाना ना खाएं पढ़ते समय, टीवी देखते हुए या मोबाइल चलाते हुए कभी भी खाना ना खाएं क्योंकि ऐसे में आप ज़रूरत से ज्यादा खाना खा लेते हैं। 9. शांति में खाएं खाने पीने की जगह को साफ़ सुथरा और शांत बनाये रखें। 10. खाने के पहले और बाद में ज्‍यादा पानी ना पिएं खाने से पहले और बाद में कभी भी ज्यादा पानी ना पिएं। खाते समय ज़रूरत पड़ने पर पानी की छोटी घूंट लें। जाड़ों के मौसम में गुनगुना पानी पिएं। तिल के तेल से मालिश करें तिल के तेल से हड्डियों और मांसपेशियों की मालिश करें। इससे उनमें ब्लड फ्लो बढ़ता है और शरीर मजबूत होता है। वजन बढ़ाने के घरेलू उपाय : अंजीर, खजूर, बादाम खाएं अंजीर, खजूर, बादाम और किशमिश प्रत्येक की 50 ग्राम मात्रा लें और इसमें 100 ग्राम गुड़ मिलाएं। इस पूरे मिश्रण को गाय के घी में कुछ देर भून लें जिससे यह जेली जैसा बन जाता है। इसे रोजाना खाना खाने के बाद खाएं। अश्वगंधा और शतावर पाउडर को रोजाना 3-5 ग्राम अश्वगंधा और शतावर पाउडर को मिलाकर इसे दूध में मिलाकर रोजाना सुबह और रात में सेवन करें। यह वजन को बढ़ाने में बहुत मदद करता है। English summary 10 Ayurvedic Tips To Gain Weight Take a look at the best herbs that help you gain weight. These are the best ayurvedic herbs that helps in weight gain. Story first published: Monday, January 8, 2018, 10:36 [IST] Jan 8, 2018 कीअन्यखबरें

बालों के लिए वरदान है ग्लिसरीन, जानिए फायदें

Tuesday, January 9 2018

बालों के लिए वरदान है ग्लिसरीन, जानिए फायदें

Updated: Tuesday, January 9, 2018, 17:52 [IST] Subscribe to Boldsky महिलाओं की खूबसूरती बढ़ाने में उनक लम्‍बे घने बालों का भी हाथ होता है जो कि महिलाओं की खूबसूरती में चार चांद लगाते है। मगर बालों को खूबसूरत बनाये रखना आसान काम नहीं। हर मौसम के अनुसार बालों की अलग ही देखभाल करनी होती है। आज हम आपको एक आसान नुस्‍खा बताने जा रहे है। जिसका उपयोग करके आप अपने बालों की खूबसूरती और भी बढ़ा सकते है। जानना चाहेंगे ऐसी कौनसी चीज है वो है ग्लिसरीन। जी हां ग्लिसरीन, ग्लिसरीन सर्दियों में स्किन के साथ बालों के लिए भी किसी वरदान से कम नहीं है। हालांकि ये थोड़ा चिपचिपा होता है पर यह बालों को चमकदार बनाने में मदद करता है। ग्लिसरीन को बालों की देखभाल के लिये कैसे इस्‍तेमाल किया जाए इसके लिये निम्न कुछ सुझावों पर गौर फरमाएं - कर्ली (घुंघराले) बालों के लिए घुंघराले बालों को तो देखभाल की ज्यादा जरूरत होती है। घुंघराले बाल काफी रुखे से नजर आते हैं, इसलिए अगर उन्‍हें थोड़ा नरम करना है तो उस पर ग्लिसरीन लगायें। कंडीशनर के तौर पर अगर चमकदार बाल चहिए तो घर में ही ग्लिसरीन और पानी का मिश्रण बना कंडीशनर तैयार कर लें। आप सामान्य रूप से कंडीशनिंग और बाल धोने के बाद नम बालों पर इस मिश्रण को लगाएं। उंगलियों की सहायता से इस मिश्रण को सिर की त्‍वचा पर लगायें। कोशिश करें कि खुश्क जगहों पर यह मिश्रण ठीक प्रकार से लग जाए। अब दस मिनट तक रुकें और फिर हल्के गुनगुने पानी से धो दें। बेहतर नतीजों के लिए इसे हफ्ते में तीन से चार बार इस्तेमाल करें। डेंड्रफ दूर करने के लिए ग्लिसरीन बालों में डेंड्रफ होने से बाल बेजान हो जाते है, गिरने लगते हैं और सिर में खुजली भी रहती है। बालों में लगातार डेंड्रफ बने रहने से परेशान लोग कई तरह के एंटी डेंड्रफ शैम्पू का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन शैंपू, तेल आदि से डेंड्रफ तब तक ही दूर रहता है जब तक कि इन उत्पादकों का उपयोग किया जाता है लेकिन इनका उपयोग बंद करने के बाद डेंड्रफ वापस आ जाता है। डेंड्रफ से मुक्ति पाने के लिए ग्लिसरीन और गुलाब जल का एक तीन के अनुपात में मिश्रण बना कर एक शीशी में रख लें। नहाने के बाद रोज थोड़ा हथेली पर लेकर बालों की जड़ों में उंगलियों की मदद से लगाएं। इससे डेंड्रफ चला जाता है। आफ्टरशेव ड्राइ स्किन वाले पुरुषों के लिए ग्लिसरीन आफ्टरशेव बहुत फायदेमंद है। इसे बनाने के लिए आधा कप ग्लिसरीन लें उसमें दो चम्मच एलोवेरा जेल व दो चम्मच गुलाब जल मिलाएं। इसे बोतल में भर लें। और शेव करने के बाद आफ्टर शेव की तरह उपयोग करें। स्किन इससे मुलायम बनेगी। English summary Uses of Glycerin for Hair and Skin Many beauties have used this DIY glycerin hair mask and ended up with soft, silky tresses! Try it out now! Please Wait while comments are loading...

आयुर्वेदिक नुस्‍खों से 10 मिनट में हटाए चेहरे के अनचाहे बाल

Tuesday, January 9 2018

आयुर्वेदिक नुस्‍खों से 10 मिनट में हटाए चेहरे के अनचाहे बाल

» आयुर्वेदिक नुस्‍खों से 10 मिनट में हटाए चेहरे के अनचाहे बाल आयुर्वेदिक नुस्‍खों से 10 मिनट में हटाए चेहरे के अनचाहे बाल Skin Care Updated: Tuesday, January 9, 2018, 9:30 [IST] Subscribe to Boldsky How to remove unwanted facial hair in natural way | Boldsky महिला अपने सौंदर्य और चेहरे के लिए सबसे ज्‍यादा फिक्रमंद होती है। खूबसूरती बढ़ाने के लिए वो कुछ भी कर सकती है।स्किन प्रॉब्‍लम हर महिला की सबसे बड़ी प्रॉब्‍लम होती है। ऐसी है एक स्किन प्रॉब्‍लम होती चेहरे पर अनचाहे बाल। कुछ महिलाओं के चेहरे पर बड़े ही हल्‍के रंग के रोएं होते हैं मगर कुछ महिलाओं के होंठो के ऊपर या फिर गालों पर बहुत ही ज्‍यादा मात्रा में रोएं होने की वजह से उनका चेहरा खराब दिखता है। चेहरे पर अनचाहे बालों का होना डिप्रेशन, PCOS या हाई टेस्टोस्टेरोन का नतीजा माना जाता है। अगर आप अपने अनचाहे बालों को हटाने के लिए थ्रेडिंग और वैक्सिंग का सहारा लेती है तो अब आपको ऐसा नहीं करना पड़ेगा। आपकी इस समस्‍या को दूर करने के कुछ प्राकृतिक उपाय हैं, जिसमें कोई साइड इफेक्‍ट नहीं है। आइये जानते हैं कि घरेलू सामग्रियों की मदद से आप गालों के अनचाहे बालों से कैसे छुटकारा पा सकती हैं। 1. ऑरेंज पील और हनी संतरे के छिलके में विटामिन सी काफी ज्‍यादा होता है, जो फ्री रैडिकल्‍स से लड़ता है, त्वचा की उम्र बढ़ने की प्रक्रिया धीमा करता है। हनी, दूसरी ओर, एक प्राकृतिक ब्‍लीचिंग एजेंट के रूप में कार्य करती है और एंटीऑक्सिडेंट्स से भरी होती है। एक छोटे कटोरे में 2 चम्मच संतरे के छिलके का पाउडर और 1 चम्मच शहद मिलाएं। अपने गाल और ऊपरी होंठ पर इस पेस्ट को अच्‍छी तरह से लगाएं। इसे कुछ समय के लिए सूखने दें। यह पेस्‍ट हनी पड़ने की वजह से पूरी तरह से नहीं सूखेगा। इसलिए, जब पेस्ट आंशिक रूप से सूख जाए, तो धीरे-धीरे इसे गालोई में मसाज करते हुए छुड़ा लें। अपने चेहरे को पानी से धो लें और पोंछ लें। इस नुस्‍खे को एक महीने तक रोजाना करने से आपको रिजल्‍ट अच्‍छा मिलेगा। 2. हल्‍दी और पपीता पेस्‍ट इसकी हीलिंग और एंटीऑक्सिडेंट गुणों के कारण, हल्दी को आश्चर्य की जड़ी-बूटियों में से एक माना जाता है। यह चेहरे के बालों से छुटकारा तो दिलवाती ही है साथ में चेहरे को गोरा भी करती है। वहीं पपीता त्वचा को हाइड्रेट, दाग को दूर और बालों को हल्का करता है। कच्‍चे पपीते के छोटे टुकड़े को ले कर पीस लें और उमसें आधा चम्‍मच हल्‍दी पावडर मिक्‍स करें। इसे अपने गाल या पूरे चेहरे पर लगा कर 15-20 मिनट के लिए मालिश करें। इस चीज़ को लगभग 2 महीने तक सप्ताह में एक बार लगाएं। आपके गालों के बाल बिल्‍कुल मिट जाएंगे। 3. मेथी और मूंग दाल पेस्‍ट मेथी में एंटी एजिंग गुण होते हैं जो कि चेहरे से फेशियल हेयर साफ करने में असरदार होती है। मेथी और मूंग दाल की एक सीमित मात्रा लें और उनका पावडर बनाएं। फिर उसमें पानी मिला कर स्‍मूथ पेस्‍ट बनाएं। इसे चेहरे पर 20 मिनट तक लगा कर छोड़ दें। फिर एक मुलायम कपड़ा ले कर मुंह को पोंछ लें। अपने चहरे को कम से कम 6 घंटे तक ना धोएं। इस विधि को हफ्तेभर के लिये करें। 4. चीनी और अंडा फेस मास्क एग वाइट में स्‍किन को सफेद करने और हेयर रिमूवल के गुण होते हैं इसलिये इसको फेस मास्‍क के तौर पर यूज़ किया जा सकता है। शुगर को स्‍क्रब की तरह यूज़ कर सकते हैं। सामग्री: 1 अंडे का सफेद हिस्‍सा और 2 टीस्‍पून शुगर लें। इन दोंनो चीजों को मिला कर पेस्‍ट बनाएं। इस पेस्‍ट को चेहरे पर लगा कर सुखाएं। जब यह सूख जाए तब चेहरे को पानी से धोएं। चेहरे को धीरे धीरे मसाज भी करें। इस नुस्‍खे को हफ्ते में तीन बार करें। 5. आलू का जूस और दाल का पेस्‍ट आलू जूस स्‍किन को सफेद करने में बड़ा काम आता है और दाल एक प्राकृतिक स्‍क्रबर है। 1 छोटे कटोरे में पीली दाल को रातभर पानी में भिगो कर रखें। फिर अगली सुबह इसका पेस्‍ट बना लें। फिर इसमें 1 चम्‍मच आलू का जूस, 1 टीस्‍पून शहद आअैर 4 टीस्‍पून नींबू का रस मिलाएं। इसे अपने चहरे पर लगा कर सूखने दें। सूखने के बाद इसे हल्‍के हल्‍के हाथों से रगड़ कर छुड़ा लें और चेहरे को धो लें। यह मिश्रण दो दिनों के लिये स्‍टोर कर के फ्रिज में रखा जा सकता है। 6. ओटमील स्‍क्रब ओटमील एक बढ़ियां स्‍क्रब है जो कि चेहरे को मुलायम बनाता है और अनचाहे बालों से छुटकारा दिलाता है। सामग्री: एक कटोरी में 2 टीस्‍पून ओटमील, 2 टीस्‍पून शक्‍कर और 1 टीस्‍पून नींबू का रस मिलाएं। इसको चेहरे पर लगाएं और सूख जाने के बाद जिस ओर बाल उगे हैं, उसके उल्‍टे तरफ से रगड़ें। इस विधि को हफ्ते में तीन बार करें और रिजल्‍ट देंखे। 7. चीनी और नींबू का स्‍क्रब नींबू के रस और चीनी को चेहरे पर लगाने से नेचुरल ब्‍लीच होता है। नींबू का रस आपके फेसियल बालों को रंग हल्‍का करता है। ये तीनों सामग्री आपके स्किन के लिए बेहतर घरेलू स्‍क्रब है। सामग्री: 2 चम्‍मच चीनी 10 टेबल स्‍पून पानी 2 टेबल स्‍पून नींबू का रस इन तीनों सामग्री को आपस में एक बाउल में मिलाएं, अब इसे चेहरे पर लगाए। 15 से 20 मिनट के बाद फेस को हल्‍के हाथों से रगड़ते हुए इसे हटा दे। हफ्ते में दो से 3 बार यह प्रक्रिया करें। इससे आपके फेसियल हेयर धीरे धीरे कम होने लगेंगे। 8. आटे के चोकर का स्‍क्रब आटे के चोकर से ना केवल अनचाहे बाल हटते हैं बल्‍कि झुर्रियों को भी दूर करने में मदद मिलती है। सामग्री: 3 टीस्‍पून चोकर, 1 टीस्‍पून रोज वॉटर और 1 टीस्‍पून दूध मिला कर पेस्‍ट बनाएं। इस पेस्‍ट को चेहरे पर लगाएं और 2 मिनट तक सूखने दें। जब तक कि पेस्‍ट सूख ना जाए तब तक इसे मसाज करती रहें। बाद में इसे हल्‍के गरम पानी से धो लें और चेहरे को सुखा लें। इस नुस्‍खे को हफ्ते में एक बार जरुर ट्राय करें। English summary Remove Unwanted Hair Permanently At Home As these remedies are natural, they are without any side effects and are much cheaper than the methods available from beauty clinics. 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