Health and Fitness

इन वजहों से कम नहीं होती है पेट में जमा चर्बी

Monday, January 22 2018

इन वजहों से कम नहीं होती है पेट में जमा चर्बी

» इन वजहों से कम नहीं होती है पेट में जमा चर्बी इन वजहों से कम नहीं होती है पेट में जमा चर्बी 16 जब आप मोटापा कम करने के लिए कोशिश करते है तो एक्‍सरसाइज और डाइट की वजह से कुछ हद तक आपको आपके बॉडी में फर्क दिखना नजर आता है। लेकिन सबकुछ करने के बावजूद भी शरीर के कुछ हिस्‍सों का फैट जाने का नाम नहीं लेते है। कभी आपने सोचा ऐसा क्‍यूं? दरअसल हमारी लाइफस्‍टाइल और खाने की वजह से हमारी बॉडी में जिद्दी फैट बन जाता है। जिस वजह से शरीर से यह फैट नहीं जाता है। आज हम आपको कुछ ऐसी वजहों के बारे में बता रहे है जिसकी वजह से हमारी शरीर में फैट जमा होता है। इन वजहों पर अगर हम ध्‍यान दें तो लापरवाही को दूर करते हुए हम फैट से बच सकते है। डाइट सोडा से अगर आप डाइट सोडा के शौकीन है तो आज ही इसे पीना छोड़ा दे इसमें मौजूद कैलोरी और शुगर की मात्रा आपके शरीर में घुलकर फैट बनाता है जिसकी वजह से आपका मोटापा बढ़ता जाता है। बाहर का खाना छोड़े क्‍या आप रोजाना बाहर जंक फूड या चटपटा मसाले वाला खाना खाना पसंद करते है तो यह आपके शरीर के लिए अच्‍छा नहीं है। क्‍योंकि बाहर के खाने में कैलोरी और नमक ज्‍यादा होता है। अगर आपको कुछ स्‍पाइसी खाना है तो कोशिश करें कि आप घर पर ही सैंडविच या कुछ हेल्‍दी बर्गर बनाकर खाएं सोशल मीडिया एडिक्‍शन भी एक वजह क्‍या आप अपना ज्‍यादात्‍तर वक्‍त सोशल मीडिया में गुजारते हैं, तो आपके शरीर में फैट होना ही है। आप अपनी चंद कीमती समय में से ज्‍यादात्‍तर समय सोशल मीडिया में गुजार देते है इसकी जगह आप कुछ एक्‍सरसाइज या रनिंग कर सकते है। दिन भर बैठे बैठे सोशलमीडिया का आदी होना सेहत के लिए भारी पड़ सकता है। समय पर करें नाश्ता दिन में नाश्ता करना बहुत जरूरी है। नाश्ता नहीं करने से उपापचय (मेटाबॉलिज्म) की प्रक्रिया कम होती है और इससे कम कैलोरी बर्न होती है। ज्यादा शराब पीना नुकसानदायक कई अध्ययनों में पाया गया है कि ज्यादा शराब पीने से पेट के आस-पास चर्बी जमा हो जाती है। ज्यादा शराब पीने से भूख बढ़ जाती है और आप ज्यादा मात्रा में भोजन करते हैं। देर से भोजन करना छोड़ें सोने से ठीक पहले भोजन करने से बचें। भोजन करने के तुरंत बाद बिस्तर पर जाने की आदत से आपका वजन बढ़ जाता है क्योंकि नींद के दौरान शरीर फैट को पूरी तरह से एनर्जी में तब्दील नहीं कर पाता। ज्‍यादा मात्रा में प्रोटीन खा रहे हैं? प्रोटीन वजन घटाने के लिए सबसे बड़ा हथियार है, लेकिन ज्‍यादा प्रोटीन भी सेहत के लिए अच्‍छा नहीं है। अपने डायटिशियन से पूछे कि आपके बॉडी को कितने प्रोटीन की जरुरत है। व्‍हे प्रोटीन व्‍हे प्रोटीन आपकी बॉडी में कहीं न कहीं ब्‍लोटिंग का कारण होता है। कोशिश करें की आप नेचुरल प्रोटीन ही खाएं। क्‍या आप सब्जियों से दूर भागते है? अगर आप एक हेल्‍दी बॉडी चाहते है तो आपको सब्जियों पर ज्‍यादा ध्‍यान देने की जरुरत है। सब्जियों में पोषक तत्‍वों के साथ ज्‍यादा से ज्‍यादा फाइबर होता है। पर्याप्त नींद लें कई अध्ययनों में पाया गया है कि कम सोने के चलते शरीर में घ्रेलीन नाम का हार्मोन पैदा होता है जो भूख बढ़ाता है। पूरा दिन बैठे हुए बिताते हो.. आपकी सीटिंग जॉब है तो पूरे दिन क्‍या आप कुर्सी में ही बिताकर निकालते हो ? अगर आपका जवाब हां में है तो आप अपनी सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हो। आपको पूरे दिन की शिफ्ट में बार बार उठने की जरुरत है। बैठे रहने से भी फैट बनता है। ज्‍यूस से भी सारे ज्‍यूस, जो 100 नेचुरल ज्‍यूस होते हैं, उनमें बहुत ज्‍यादा मात्रा में सुगर होते हैं, सेव के ज्‍यूस में भी 24 ग्राम सुगर की मात्रा मौजूद होती है जो कि रोजाना के हिसाब से देखा जाए तो शरीर के लिए सही नहीं है ज्‍यूस पीने से ज्‍यादा आप फ्रूट्स को ऐसे ही खाएं। नमकीन फूड ज्‍यादा नमक का सेवन करने से भी वजन बढ़ता है। एक रिसर्च में ये बात सामने है कि अगर आप ए‍क निश्चित मात्रा से ज्‍यादा नमक खाते है तो 25 प्रतिशत तक आपका मोटापा बढ़ता है। क्‍या आप मैग्‍नीशियम पर ध्‍यान देते है शरीर को जितना विटामिन और प्रोटीन की आवश्‍यकता होती है, उतनी ही मैग्‍नीशियम की जरुरत होती है। ये एक जरुरी पोषक तत्‍व है जो कि आपके इंसुलिन फंक्‍शन को नियंत्रित करके आपके बॉडी के ग्‍लूकोज को एनर्जी में बदलता है। मैग्‍नीशियम हरे पद्धार्थों में ज्‍यादा पाया जाता है। जैसे पालक और केला। बीयर पीने से बीयर में मौजूद कैलोरी और कार्बोहाइड्रेड आपके शरीर में मोटापा बढ़ाने का काम करते हैं। जबकि रेडवाइन आपके शरीर के लिए फायदेमंद होती है। योगा करें योगा न सिर्फ एक एक्‍सरसाइज है, ये आपको स्‍ट्रेस से दूर रखकर आपके दिमाग को शांत भी रखता है। गलत एक्‍सरसाइज करने से एक्‍सरसाइज करना अच्‍छी बात है लेकिन गलत एक्‍सरसाइज करने से आपकी बॉडी का फैट नहीं जाएगा। आपको बॉडी के निश्चित भागों का फैट हटाने के लिए एक हिस्‍से को टारगेट करके वहां का फैट हटाना चाहिए। इसके लिए आपको एक अच्‍छे जिम ट्रेनर के पास जाने की जरुरत है।

अगर आप दुबले पतले दिखते हैं तो वजन बढ़ाने के लिये खाएं ये 12 चीज़ें

Monday, January 22 2018

अगर आप दुबले पतले दिखते हैं तो वजन बढ़ाने के लिये खाएं ये 12 चीज़ें

डाइट-फिटनेस » अगर आप दुबले पतले दिखते हैं तो वजन बढ़ाने के लिये खाएं ये 12 चीज़ें अगर आप दुबले पतले दिखते हैं तो वजन बढ़ाने के लिये खाएं ये 12 चीज़ें 58 जिस तरह से वजन घटाना एक मुश्‍किल काम होता है उसी तरह से वजन बढ़ाना भी कोई आसान काम नहीं है। लेकिन अगर आपकी डाइट अच्‍छी हो और वह बैलेंस हो तो किसी भी काम में कोई दिक्‍कत नहीं है। वजन बढ़ाने के TIPS: दुबली-पतली लड़कियों के लिये रामबाण उपाय वजन में बराबर और धीमी वृद्धि की हमेशा सलाह दी जाती है। हमें अपना वजन अपनी उम्र, लिंग और ऊंचाई के अनुसार बनाये रखना चाहिए। वे लोग जो दुबले पतले हैं, उन्‍हें वजन बढाने की सलाह दी जाती है। जिन लोगों के शरीर का वजन कम होता है वे अक्‍सर बाजारू दवाइयां और पावडर पर विश्‍वास कर बैठते हैं। मगर इसका भी उन पर कोई असर नहीं दिखता। अगर आप बहुत ज्‍यादा दुबले पतले हैं तो आप नीचे दिये गए नुस्‍खों को आजमा कर अपना वजन बढ़ा सकते हैं। 1. रेड मीट भले ही रेड मीट कोलेस्‍ट्रॉल में थोड़ा हाई रहता हो लेकिन वेट गेनिंग के लिये काफी बढियां होता है। मीट में भारी मात्रा में प्राटीन पाया जाता है तथा आयरन और फैट्स तो होते ही हैं! आप अगर चाहें तो रेड मीट को जैतून तेल में बना सकते हैं। 2. पीनट बटर पीनट बटर में प्रोटीन और फैट दोंनो ही होते हैं और यह उनके लिये अच्‍छा है जिन लोंगो को वेट गेन करना हो। 1 टीस्‍पून पीनट बटर में कम से कम 100 कैलोरीज़ होती हैं। इसमें विटामिन, मैगनीशियम, फोलिक एसिड, विटामिन बी और विटामिन ई होते हैं। आप पीनट बटर को ब्राउन ब्रेड की स्‍लाइस पर लगा कर खा सकते हैं और अपनी कैलोरी इंटेक बढा सकते हैं। 3. फैट मिल्‍क वजन बढाने के लिये एक सिंपल तरीका है कि आप फैट वाला दूध पिएं जिससे नेचुरल तरीके से आपका वजन बढे। अगर आप स्‍किम मिल्‍क पीते हैं तो उसे ना पिएं। 1 गिलास दूध में आपको 60 कैलोरीज़ मिल जाएंगी। दूध में विटामिन डी और विटामिन ए के साथ साथ अन्‍य न्‍यूट्रियन्‍ट्स होते हैं। 4. फल कुछ प्रकार के फल जैसे, आम, पपीता, पाइनएप्‍पल और केला आदि में प्राकृतिक शुगर पाया जाता है। इससे आप आराम से मोटापा बढा सकते हैं। ये नेचुरल शुगर आपके पेट को भरेंगे और तुरंत ही एनर्जी देंगे। 5. एवाकाडो अपनी डाइट में एवाकाडो को शामिल करने से आपके शरीर में फैट भी होगा। आधे एवाकाडो में 140 calories होती हैं और इसमें विटामिन तथा मिनरल्‍स पाए जाते हैं। इसमें आपको विटामिन ई, फोलिक एसिड और पोटैशियम आदि होते हैं। आप एवाकाडो को सैलेड तथा स्‍मूदी में यूज़ कर सकते हैं। 6. होल वीट ब्रेड होल वीट ब्रेड खाने से भी आप अपने वजन को बढा सकते हैं। इसे आप एक ब्रेकफास्‍ट के रूप में भी खा सकते हैं। इन ब्रेड्स में फाइबर और मिनरल्‍स होते हैं जो कि वाइट ब्रेड में मिसिंग होते हैं। 7. बादाम अगर आपको स्‍वस्‍थ और खूबसूरत दिखना है तो आप बादाम का सेवन जरुर करें। इससे आपको ताकत मिलेगी, वजन बढेगा और विटामिन,आयरन, फॉसफोरस और कैल्‍शियम की भी प्राप्‍ती होगी। 12 बादाम रात में भिगो कर रखें और सुबह छिलके निकाल कर पीस लें। इसमें 1 चम्‍मच बटर और मिसरी मिला कर गरम दूध के साथ खा जाएं। 8. आलू आलू जैसी जड़ों वाली सब्जी में कार्बोहाइड्रेट्स और शुगर की खासी मात्रा होती है जिससे स्वस्थ रूप से फैट मिलता है। रोजाना निश्चित मात्रा में पके हुए या ग्रिल्ड आलू का सलाद में, सैंडविच में या अन्य प्रकार के भोजन में सेवन करके कुछ ही दिनों में वजन बढाया जा सकता है। 10. पनीर फुल क्रीम से बना पनीर प्रोटीन का बहुत अच्छा स्रोत है। ये उन लोगो के लिए भी बहुत अच्छा है जो नॉन वेज नहीं खाते है। और यह शरीर में कैलोरी की कमी को भी पूरा करती है। 11. मक्खन ब्रेड पर मक्खन से ज्यादा और कुछ अच्छा लग सकता है ? मक्खन में सबसे ज्यादा कैलोरी पाई जाती है। मक्खन खाने के स्वाद को सिर्फ बढ़ाता ही नहीं बल्कि वजन बढ़ाने में भी मदद करता है। 12. चीज़ चीज़ के एक पैकेट में 69 कैलोरी होती है। इसमें खूब प्रोटीन, कैल्‍शियम, फैट, कोलेस्‍ट्रॉल और चीज कैलोरी होती है। English summary 12 Ways To Gain Weight Naturally At Home in hindi Whether you have lost weight or you are naturally skinny, you may come to a stage when you would want to put on weight. Check out these ways to gain weight naturally at home. Story first published: Monday, January 22, 2018, 16:58 [IST]

वर्कआउट और डायटिंग के बाद भी मोटापा कम नहीं हो रहा है तो जानें कारण

Monday, January 22 2018

वर्कआउट और डायटिंग के बाद भी मोटापा कम नहीं हो रहा है तो जानें कारण

डाइट-फिटनेस » वर्कआउट और डायटिंग के बाद भी मोटापा कम नहीं हो रहा है तो जानें कारण वर्कआउट और डायटिंग के बाद भी मोटापा कम नहीं हो रहा है तो जानें कारण Diet Fitness Published: Monday, January 22, 2018, 11:15 [IST] Subscribe to Boldsky बहुत से लोग वजन कम करने के लिये जिम और योग ज्‍वॉइन करते हैं लेकिन उनमें से केवल कुछ ही लोग अपने लक्ष्‍य तक पहुंच पाते हैं। अगर आप भी अपना वजन कम करने में लगे हुए हैं लेकिन कम नहीं कर पा रहे हैं तो इसके पीछे कई छुपे हुए कारण हैं। खास बात यह है कि अगर आपको वजन कम करने का सही तरीका ना पता हो, तो आप कभी अपना वजन नहीं कम कर सकते। वजन कम करने के लिये आपको एक प्रॉपर डाइट प्‍लान बनाना चाहिये। आपकी डाइट में कितना प्रोटीन कितना कार्ब होगा, यह आपको जानना जरुरी है। एक्सपर्ट्स की माने तो सभी की बॉडी अलग अलग रेस्पोंस देती है, जिसकी वजह से वजन कम और ज्यादा होता है। आज इस लेख में हम इसी बात पर चर्चा करेंगे कि लाख कोशिश करने के बाद भी आपका वजन क्‍यूं कम नहीं हो पाता है। 1. निर्धारित कैलोरीज़ से ज्‍यादा खाना वजन को कंट्रोल करने में सबसे बढ़ी भूमिका सिर्फ कैलोरिज की ही होती है। इनके घटने और बढ़ने की वजह से हमारा वजन घटता और बढ़ता है। इसलिए तो अपने डाइट चार्ट के फूड की भी कैलोरीज का हिसाब किताब रखना चाहिए। इसके लिए आप चाहे तो एक हैंडी कैलोरी कैलकुलेटर भी अपने साथ रख सकते हैं। कैलोरी को ट्रेक में रख कर आप बहुत जल्द अपने फिक्स गोल तक आसानी से पहुंच सकते है। 2. आपकी डाइट में प्रोटीन की कमी होना बहुत से लोग जो वजन कम करना चाहते हें वो लो लो कैलोरी डाइट लेना शुरु कर देते हैं। वे प्रोटीन को बिल्‍कुल नजरअंदाज कर देते हैं। अगर आपकी डाइट में प्रोटीन नहीं है तो यह आपके शरीर के मेटाबॉलिज्‍म को कम कर देगा जिससे आप जल्‍दी वजन कम नहीं कर पाएंगे। अगर प्रोटीन वाली डाइट खानी है तो अपने खाने में दाल, मीट, चना और पालक आदि शामिल करें। अगर दिन में ली गई कैलोरी का 25-30 प्रतिशत भी प्रो​टीन जाता है तो यह प्रोटीन हमारे शरीर के मैटाबोलिज्म को 80-100 कैलोरिज बढ़ा देता है। 3. वेट ट्रनिंग ना करना वेट लिफ्टिंग के लिए यह सामान्य राय है कि इससे हमारी बॉडी फिट होती है और मसल्स बनते है। जबकि इस मुद्दे का दूसरा पहलू यह भी है कि जहां वेट लिफ्टिंग से हम मसल्स बनाते है वहीं, एक्सरसाइज न करने की वजह से बॉडी फैट के साथ ही मसल्स को भी खो देते है। इसलिए कैलोरीज को बर्न करने और मसल्स को बनाए रखने के लिए एक्सरसाइज बहुत जरुरी है। 4. ढेर सारा खाना कई लोग सोंचते हैं कि अगर वह कसरत कर रहे हैं, तो उन्‍हें अब ज्‍यादा मात्रा में खाने की आवश्‍यकता है। लेकिन आप जितनी कैलोरी बर्न कर रहे हैं, उससे कहीं कम कैलोरी का सेवन करना चाहिये नहीं तो आप लाख कसरत कर लें, आपका वजन नहीं कम होगा। 5. शक्‍कर खाना अगर आपको अपना वजन कम करना हो तो प्‍लीज चीनी खाना कम करें। हम में से कई लोग सोंचते हैं कि चाय में एक दो चम्‍मच चीनी डालने से कुछ नहीं होता, मगर यकीन मानिये कि यह आपके वेट लॉस प्रोग्राम को खराब कर सकती है। यह आपके मेटाबॉलिज्‍म को धीमा कर कसती है। 6. डीहाइड्रेशन कई सर्वे और रिसर्च से पता चला है कि वे लोग जो पर्याप्‍त पानी नहीं पीते हैं उनका वजन कभी कम नहीं होता। पानी ना पीने से डीहाड्रेशन हो जाता है जिससे मेटाबॉलिक रेट धीमा पड़ जाता है और वजन कम नहीं होता। इसलिये बहुत जरुरी है कि आप 2 लीटर पानी हर रोज पिएं। 7. अगर है कोई मेडिकल कंडीशन अगर सब कुछ ठीक करने के बावजूद भी आपका वजन कम नहीं हो पा रहा है तो इसका मतलब है कि आपको कोई मेडिकल कंडीशन है, जैसे कि हार्मोनल इंबैलेंस, थायराइड, पीसीओएस आदि। तो ऐेसे में जरुरी है कि इस कंडीशन को तुरंत ठीक किया जाए। 8. मील स्‍किप करना वे लोग जो वजन कम करना चाहते हैं वे सोंचते हैं कि अगर वो मील स्‍किप कर देंगे तो वह जल्‍दी वजन कम कर पाएंगे। लेकिन इससे मेटाबॉलिज्‍म कम हो जाता है और वेट लॉस नहीं होता। यही नहीं इससे आपके शरीर में कमजोरी भी आ सकती है। 9. स्‍मोकिंग हम सभी जानते हैं कि सिगरेट पीने से कई बीमारियां होती हैं। लेकिन क्‍या आप जानते हैं कि स्‍मोकिंग करने से वेट लॉस करने में परेशानी होती है। इसमें निकोटिन कंटेंट होता है जो कि बॉडी में फैट सेल्‍स को स्‍टोर करता है, जिससे वजन कम नहीं हो पाता। 10. रात को चावल खाना अपनी डाइट में खूब सारा कार्बोहाइड्रेट आहार शामिल करने से भी मोटापा बढता है। रात को अगर आप चावल खाने के शौकीन हैं तो, ऐसा न करें। यह फैट के रूप में शरीर में जम जाता है और फिर इससे छुटकारा पाना मुश्‍किल होता है। English summary 10 Surprising Reasons Why You Are Not Losing Weight Fast Here are a few surprising reasons on why you may not be losing weight fast, even though you are sticking to a diet and exercise regime. Story first published: Monday, January 22, 2018, 11:15 [IST]

भाईयों में बंटती है पत्नी तो कहीं खुलेआम होता है सेक्स..ये हैं दुनिया की चौंकाने वाली सेक्स प्रथाएं

Wednesday, January 24 2018

भाईयों में बंटती है पत्नी तो कहीं खुलेआम होता है सेक्स..ये हैं दुनिया की चौंकाने वाली सेक्स प्रथाएं

Life » भाईयों में बंटती है पत्नी तो कहीं खुलेआम होता है सेक्स..ये हैं दुनिया की चौंकाने वाली सेक्स प्रथाएं भाईयों में बंटती है पत्नी तो कहीं खुलेआम होता है सेक्स..ये हैं दुनिया की चौंकाने वाली सेक्स प्रथाएं Life Updated: Wednesday, January 24, 2018, 12:23 [IST] Subscribe to Boldsky सेक्‍स को आज के जमाने में प्राकृतिक जरुरत और शारीरिक संतुष्टि का साधन कहा जा सकता है। लेकिन दुनियाभर में सेक्‍स को काफी अलग नजरिए से देखा जाता है। दुनिया के ऐसे कई कोने है जहां सेक्‍स को स्वीकार या मान्य किया जाता है वही दूसरे कोने में उस चीज पर रोक है। सेक्‍स को लेकर दुनिया भर में अजीबों गरीब धारणाएं हैं। जहां कई लोग इसे मर्दानगी तो कई लोग इस भगवान से जोड़कर देखते है। दुनियाभर में अलग अलग जगह पर सेक्‍स को लेकर कई पराम्‍पराएं है। ये है दुनिया की जाने माने अडल्‍ट टूरिज्‍म डेस्टिनेशन आपको जानकार आश्चर्य होगा कि पुराने जमाने की असामान्य सहवास की प्रथाएं और परम्पराएं आज भी कई जनजातियों में कायम है। हम आपको ऐसी परम्पराएँ बता रहे हैं जो कि दुनिया के विभिन्न हिस्सों में सेक्स के अलग-अलग मायने बताती हैं। इनमें से कुछ आपको बकवास सी भी लग सकती है। आइए देखते है। वीर्य पीकर साबित करनी होती है मर्दानगी सांबियन, पापुआ न्यू गिनी एक आदमी और एक ‘सच्चा योद्धा' बनने के लिए कबीले के युवा लड़कों को मां से अलग होना पड़ता है, और उन्हें कबीले के सबसे बड़े व्यक्ति के साथ लगभग 10 सालों तक रहना पड़ता है। उनके ‘आदमी' बनने की इस परंपरा में उन्हें उस बड़े व्यक्ति का वीर्य भी पीना पड़ता है और बहुत से गन्ने भी खाने पड़ते हैं ताकि उनके नाक से हर समय खून निकलता रहें। ये उनके मर्द होने की निशानी होती है। मर्दानगी के लिए लिंंग पर लगाते है चीरा आस्‍ट्रेलिया की एक जनजाति मार्डुडजारा में मर्दानगी को प्राप्त करने के लिए अंतरंग काटने की रस्म है। यह प्रथा सबसे ज्यादा बर्बर प्रथाओं में से एक, इस एबोरजीनी संस्कार कहा जाता है इसे खतना रस्‍म भी कहा जा सकता है। इस रस्‍म में पुरुष अपने लिंग की ऊपरी खाल को निकालकर खाना पड़ता है। इसके बाद जब वो घाव भर जाता है तो एक धारदार हथियार से उनके पेनिस से लेकर अंडकोश तक चीरा दिया जाता है। ताकि पुरुष उस हिस्‍से के नीचे से पेशाब कर सकें। इस दौरान शरीर के इस हिस्‍से से निकलने वाले खून को अग्नि को चढ़ाया जाता है इसे पवित्र माना जाता है। सवाल यह है कि इस खतरनाक तरीके से मर्दों के प्राइवेट पार्ट को चोटिल करके कैसे मर्दानगी मिलती है? Image Source 6 साल में करने लगते है सेक्‍स पापुआ न्यू गिनी के ट्रॉब्रिएन्डर्स, जनजाति में लड़के 6 से 8 साल की उम्र में और लड़कियां 12 साल की उम्र से सेक्स करना शुरु कर देती है। इसे यहां बुरी नजर से नहीं देखा जाता है। 13 साल का लड़का बना सकता है उम्रदराज महिलाओं से संबंध दक्षिण प्रशांत महासागर के मंगिया द्वीप में 13 साल के लड़के को बड़ी उम्र की महिला के साथ संबंध बनाना होता है और वह उसे सिखाती है कि अपने पार्टनर को कैसे खुश किया जाता है। Image Source भाईयों में बंटती है बंटती है पत्‍नी नेपाल के पहाड़ी इलाकों में पहाड़ की तलहटी में रहने वाले पहाड़ी जनजाति में एक महिला के कई भाईयों में आपस में शादी करवा देते हैं ताकि पैसे का बंटवारा ना हो। इसमें भाई आपस में टाइम शेड्यूल बनाते है कि कौनसे दिन वो अपनी पत्‍नी से संबंध बना सकते हैं। अंडरवियर पहनकर करते है सेक्‍स.. आयरलैंड में सेक्स का इतिहास रूढ़िवादी और निरंकुश सा है। इनिस बीग में लोग सेक्स के दौरान भी अपनी अंडरवीयर पहने ही रखते हैं। इन लोगों का मानना होता है कि सेक्‍सुअल हेल्‍थ के लिए अच्‍छा होता है। ग्रीस में प्राचीन गे लव प्राचीन ग्रीस में बायसेक्‍सुअल और गे लव बहुत ही आम था। यहां एक वयस्‍क का किशोर लड़के से शारीरिक रिश्‍ता बनना आम सी बात थी। यहां कम उम्र के लड़के को तब तक किशोर माना जाता था जब तक कि उसके दाढ़ी पूरी तरह विकास न कर लें। प्राचीन एथेंस में वयस्‍क आदमी को इरास्‍टेस कहा जाता जो अपने ऐरोमेनोस (कम उम्र के युवक) से सुंदरता से प्रेरित होकर उसे शिक्षा, सुरक्षा और प्‍यार मुहैया कराया करता था। लेकिन 12 साल की उम्र से कम किशोरों से रिश्‍ता बनाना अपराध माना जाता था। किराए की पत्‍नी.. ईरान की कुछ समुदाय में अगर आप किसी महिला को सेक्स के लिए अपनी पत्नी बनाना चाहते हैं तो आप ऐसा कर सकते हैं। किसी भी लड़की या महिला के राजी हो जाने पर आप उसे पैसे देकर कुछ दिनों तक अपने साथ अपनी पत्नी की तरह ही रख सकते हैं। गैर मर्द से भी बना सकती है पत्नियां संबंध नाईजीरिया में निवास करने वाली वुदाबे नामक एक स्थानीय प्रजाति में अनेक सेक्स परम्पराएं प्रचलित हैं। यहां हर साल एक दिन के लिए एक मेले का आयोजन किया जाता है. कोई पुरुष किसी भी दूसरे पुरुष की पत्नी की सहमति पर उसे अपने साथ लेकर भाग जाता है और कोई इस बात पर नाराज भी नहीं होता है। इस मेले में सभी पुरुष एवं महिलाएं सभी विशेष रूप से सज धजकर तैयार होकर आते हैं। सार्वजानिक तौर पर करते है मास्‍टरबेट मिस्‍त्र में कुछ समुदाय का मानना है कि इस धरती को एटम नाम के भगवान ने बनाया था। वो ये मानते है कि नील नदी के बहने के पीछे इसी देवाता की भूमिका है। इसलिए ऐसा माना जाता है कि मिस्‍त्र के फरोह भी नील नदी में मास्‍टरबेट किया करते थे। इसलिए मिस्‍त्र के लोग खुद को संतुष्‍ट करने के साथ फरोहा यानी मिस्‍त्र के राजा के अच्‍छी यौन क्षमता के लिए पुरुष सार्वजानिक तौर पर मास्‍टरबेट करते हैं। Image Source अजनबी के साथ करते है 7 बार सेक्‍स इंडोनेशिया के बाली द्वीप के आसपास स्थानीय रिवाजों के मुताबिक Mount Kemukus में साल में एक बार आयोजित होने वाले फेस्टिवल में अनजान साथी के साथ सेक्स करने से एक-दूसरे की मनचाही मुरादें पूरी होती हैं। साथ ही निजी जीवन में भी उनके परिवार में खुशियां बनी रहती हैं। इसलिए दुनियाभर से लोग इस फेस्टिवल को एंजॉय करने के लिए यहां आते हैं। ये रस्म केवल एक समय के लिए होती हो। NSFW: इंडोनेशिया का सेक्स फेस्टिवल, जहां अजनबियों के साथ सेक्स करने आते हैं लोग इन कपल्स को हर 35 दिन बाद मिलना होता है। सात मुलाकातों के बाद ही इस रस्म को पूरा माना जाता है। English summary Bizarre and Shocking Sexual Rituals From Around The World From a tribe of semen-drinking men to the community of brothers sharing a wife, amaze yourself with these 10 shocking tribal sex traditions from around the world.

आपकी सेक्‍स ड्राइव को कमज़ोर कर सकते हैं ये 10 फूड

Wednesday, January 24 2018

आपकी सेक्‍स ड्राइव को कमज़ोर कर सकते हैं ये 10 फूड

» आपकी सेक्‍स ड्राइव को कमज़ोर कर सकते हैं ये 10 फूड आपकी सेक्‍स ड्राइव को कमज़ोर कर सकते हैं ये 10 फूड Diet Fitness Published: Wednesday, January 24, 2018, 9:30 सेक्स क्षमता में कमजोरी होना आज के समय में तेजी से बढ़ती हुई एक समस्या है और इसके लिए लोग तमाम तरह के उपाय इंटरनेट पर खोजते रहते हैं। आपको यह जानकर हैरानी होगी कि आप के खानपान में ही कुछ ऐसी चीजें शामिल हैं जो आपकी सेक्स क्षमता को कम कर देती हैं। इसलिए ज़रूरी है कि आप उन चीजों के बारे में जानें और उनका सेवन कम कर दें। आइये जानते हैं कि आपके खानपान में शामिल किन चीजों से आपकी सेक्स पॉवर में कमी आ रही है। 1-बोतलबंद पानी : पानी सेक्स क्षमता में कमी नहीं करता है, लेकिन प्लास्टिक की बोतलों में पाया गया बिस्फेनोल ए (बीपीए) आपके यौन जीवन पर कहर बरसा सकता है। शोधकर्ताओं ने पाया है कि सामग्री में अत्यधिक मिलावट की छेड़खानी की वजह से मूत्र के बीपीए के स्तर में वृद्धि हो सकती है। इसके अलावा इससे यौन इच्छा में कमी, लिंग में क्षीणता और स्खलन की समस्याएं पैदा हो सकती है। इसलिए बोतल वाले पानी का कम से कम सेवन करें। 2-डिब्बाबंद खाद्य पदार्थ : नमकीन और नमकीन नमक आधारित टिनिन युक्त खाद्य पदार्थ, उच्च सोडियम सामग्री के साथ, आपका रक्तचाप बढ़ने का कारण बन सकते है। यह जननांग क्षेत्र में रक्त के प्रवाह पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकते है और आपके यौन अनुभव को कम कर सकते है। यही कारण है कि उच्च रक्तचाप को आपके लिंग में क्षीणता आने का कारण बताया गया है। अगर आप डिब्बाबंद खाद्य पदार्थ लेते है तो उसकी एक्सपायरी डेट ज़रूर चेक करें। 3-उच्च-फाइबर युक्त सब्जियां : फाइबर से भरपूर सब्जियां पाचन और पेट के स्वास्थ्य के लिए बहुत अच्छी होती हैं पर कुछ सब्जियां वास्तव में संक्रमित हो सकती है जो आपके पेट में भारीपन और गैस को बढ़ावा दे सकती है। नेशनल हेल्थ सर्विसेज (एनएचएस) बंद गोभी, फूलगोभी, स्प्राउट्स, सेम, ब्रोकोली, और यहां तक ​​कि प्याज को ना खाने की सलाह देते हैं। 4-कॉफ़ी : एक कप कॉफी में बहुत कैफीन होता है. जब आप इसे बहुत अधिक मात्रा में इसे पीते हैं तो शरीर में कैफीन की मात्रा बहुत बढ़ जाती है जिससे तनाव पैदा होता है। अगर आप पहले से तनाव में है तो कॉफी से परहेज करना और भी अधिक महत्वपूर्ण हो जाता है, याद रखें, आपके शरीर में कई घंटों तक कैफीन रहता है इसलिए एक दिन में आप अपनी यौन कल्पनाओं को शामिल करने की योजना तक नहीं बना सकते हैं। यह आप[कि सेक्स क्षमता पर बहुत बुरा असर डालती है। 5-ब्रेड : ब्रेड खाने वाले लोगों को सेक्स करने में कमजोरी महसूस हो सकती है। इसकी वजह से टेस्टोस्टेरोन कम होता है और इसमें फाइटोस्टेग्रन्स का प्रभाव होता है। ब्रेड में सभी कार्बोहाइड्रेट सामग्री (खासकर अगर यह अनाज पर संसाधित हो) आपको धीमा और सुस्त बना सकता है । पास्ता भी कुछ ऐसा ही है तो इनसे बचने के लिए और अपने मन और शरीर में फुर्ती रखने के लिए कुछ हलकी चीजें सलाद में शामिल करें। 6-शराब और ड्रग्स : आपकी पीने की आदत आपके यौन जीवन को प्रभावित कर सकती है यदि आप एक भारी या क्रोनिक अल्कोहोलिक है तो अल्कोहल की खपत से यौन रोग में परेशानी हो सकती है जो आपके यौन जीवन और प्रजनन क्षमता के साथ हस्तक्षेप करती है। कम सेक्स क्षमता का एक और कारण नशें भी हो सकते है यदि आप नियमित रूप से नशीली दवाओं का उपयोग करते हैं, तो यह आपके कामेच्छा पर रोक लगा सकती है, हालांकि भांग को इंद्रियों की शक्ति बढ़ाने के लिए जाना जाता है, लेकिन लम्बे समय तक इसका सेवन भी सेक्स पॉवर पर बुरा असर डालता है। गांजा सेवन पुरुषों में शुक्राणु की संख्या कम करता है और महिलाओं में प्रजनन क्षमता को प्रभावित करता है। 7- फ्रेंच फ्राइज़ : हम सभी फ्रेंच फ्राइज़ पसंद करते हैं पर अपनी सेक्स क्षमता को बढ़ाने के लिए इसका त्याग करना ही बेहतर होगा। फ्रेंच फ्राइज़ में जमा वसा ज्यादा होती है, जो रक्त संचार को कम करता है, इसके अलावा, इसमें मौजूद नमक आपके रक्तचाप को बढ़ाती है और थकान का कारण बनती है, जिससे आपकी सेक्स क्षमता में कमी आ जाती है। 8. सोयाबीन सोयाबीन जहां आपके शरीर के लिए फायदेमंद है तो वहीं इसमें कुछ नुकसान भी देखने को मिलते हैं। यह मांस का अच्छा शाकाहारी विकल्प है, लेकिन सोयाबीन में पाया जाने वाला फोटोएस्ट्रोजन पुरुषों के सेक्स हार्मोन में बदलाव करने का काम करता है। इसलिए पुरुषों के लिए सोयाबीन का अधिक सेवन ठीक नहीं है। 9. मीट मीट में प्रोटीन और जिंक नहीं होता इसलिए यह बहुत भारी होता है। इनमें जमी वसा और कोलेस्‍ट्रॉल भी अधिक मात्रा में होती है, जो आपके ब्‍लड सकुर्लेशन और सेक्‍सुअल लाइफ को धीमा बना सकती है। इसे खाने के बाद आप आलसी महसूस कर सकते हैं। यानी इसे खाने के बाद आपकी कामेच्‍छा की भावना कम हो जाती है। इसलिए यौन संबंध बनाने से पूर्व इस आहार का सेवन करने से बचना चाहिए। 10. पुदीना पुदीना खा कर ताजी खुशबू पैदा करने वाले लोगों को शायद पता नहीं है कि इससे आपके टेस्‍टोस्‍ट्रोन कमजोर पड़ जाते हैं यदि आप अपने पार्टनर को सेक्स में खुश करना चाहते होतो तो इन सब चीजों से दूर रहें ।इसके बजाय, डार्क चॉकलेट, केला और जामुन जैसे खाद्य पदार्थों का सेवन करें और खुश रहें। English summary Foods That Kill Your Sex Drive These foods influence the balance of sex hormones in your body and could even interfere with normal physiological functions, causing blood pressure to rise and depriving you of a great sexual experience. Story first published: Wednesday, January 24, 2018, 9:30 [IST]

खिलजी जैसी स्‍टील बॉडी पाने के लिये रणवीर से जानें डाइट एंड फिटनेस टिप्‍स

Wednesday, January 24 2018

खिलजी जैसी स्‍टील बॉडी पाने के लिये रणवीर से जानें डाइट एंड फिटनेस टिप्‍स

डाइट-फिटनेस » खिलजी जैसी स्‍टील बॉडी पाने के लिये रणवीर से जानें डाइट एंड फिटनेस टिप्‍स खिलजी जैसी स्‍टील बॉडी पाने के लिये रणवीर से जानें डाइट एंड फिटनेस टिप्‍स Diet Fitness Published: Wednesday, January 24, 2018, 17:02 [IST] Subscribe to Boldsky विवादों में घिरी फिल्म 'पद्मवत' में रणवीर सिंह ने जिस अलाउद्दीन खिलजी की भूमिका निभाई है उस स्‍टील जैसी बॉडी पाने के लिये उन्‍होंने दिन रात एक कर दिया था। ऐसी चुस्‍त बॉडी को देख कर जहां लड़कियां आहें भर रही हैं वहीं लड़के जिम में वैसी ही बॉडी पाने के लिये जम कर पसीना बहा रहे हैं। बॉलवुड में रणबीर सिंह कोई छोटा मोटा नाम नहीं है। इनका नाम फोर्ब्स की भारत की 100 सेलिब्रिटी सूची में 12 वें स्थान पर था और तब से ले कर वह एक लंबा सफर तंय कर चुके हैं। फिल्म पद्मवत में इन्‍होंने एक खलनायक योद्धा की भूमिका निभाने के लिए अपने शरीर को पूरी तरह से बदल दिया। जो लोग जिम जा कर एब्‍स पाने के लिये वर्कआउट करते हैं, वे भली प्रकार से जानते होंगे कि इसे बनाना एक रात का काम नहीं है बल्‍कि इसमें कड़ी वर्कआउट के साथ साथ कड़ी डाइट भी फॉलो करनी पड़ती है। रणवीर के ट्रेनर मुस्‍तफा अहमद ने उनके लिये तरह तरह के वर्कआउट चार्ट बनाए जिससे वह एक टोन्‍ड बॉडी पा सकें। वे लोग जो रणवीर को देख कर अपने 6 पैक एब्‍स बनाना चाहते हैं उन्‍हें यह आर्टिकल जरुर पढ़ना चाहिये क्‍योंकि इसमें रणवीर ने अपनी वर्कआउट से लेकर अपनी डाइट की हर चीज़ के बारे में बात की है। 1. बॉडी बिल्‍डिंग डाइट रणवीर सिंह के अनुसार, एक सफल आहार का रहस्य है कि हर इंसान को हर तीन घंटे में कुछ न कुछ खाते रहना चाहिये। और कभी भी अपनी मील को मिस नहीं करना चाहिये। उनका संतुलित भोजन प्रोटीन और कार्ब से मिला हुआ होना चाहिये जिसमें वह अंडे का सफेद हिस्‍सा, चिकन, मछली आदि खाते हैं। इस दौरान वह नमक और तेल का कम से कम सेवन करते हैं। 2. नाश्ता महत्वपूर्ण है एक कारण है कि नाश्ते को दिन का सबसे महत्वपूर्ण भोजन कहा जाता है। रणवीर नाश्ते पर कभी भी चूकना नहीं चाहते, क्योंकि यहच आपके शरीर के लिये पेट्रोल का काम करता है। उनका दिन हाई कार्ब की डाइट के साथ शुरु होता है जिसमें चिकन, अंडे का सफेद हिस्‍सा, ताजे फल और सब्जियां शामिल हैं। 3. कार्डियो ट्रेनिंग फैट को बर्न करने के लिये रणवीर सुबह 1 घंटे के कार्डियो ट्रेनिंग के साथ शाम भी 1 घंटे का कार्डियो करते हैं। इसमें वे 10 मिनट के वॉर्म अप के साथ साथ 20 मिनट की हाई इंटेन्‍सिटी (HIIT) ट्रेनिंग करते हैं। इसमें वे अलग अलग तरह के डिप, पुश अप्‍स और पुल अप्‍स करते हैं। 4. स्‍टैमिना है काफी जरुरी नॉन-स्‍टॉप वर्कआउट करने के लिये आपको स्‍टैमिना की जरुरत होगी। रणवीर के अनुसार, 25 मिनट की सख्त कसरत की सहनशक्ति को प्राप्त करने के लिए, एक को धीरे धीरे शुरू करना होगा और फिर सीमाओं को आगे बढ़ाना होगा। वर्कआउट के पहले दिन आप भारी भरकम एक्‍सरसाइज नहीं कर सकते हैं। 5. Six-Pack Abs वर्कआउट रणबीर कहते हैं कि 6 पैक एब्‍स बनाना ही मुश्‍किल नहीं है बल्‍कि इसे बनाए रखने में भी बहुत महनत लगती है। इसके लिये आपको महीने भर पहले ही तैयारी करनी पड़ सकती है। आपके ट्रेनर से जो भी डाइट प्‍लान बनाया हो उसे आपको अच्‍छी तरह से फॉलो तो करना ही पड़ता है साथ में वर्कआउट भी बढियां तरीके से करना पड़ता है। 6. डिनर के लिए प्रोटीन यदि आप शाम को जिम जा रहे हैं, तो रणवीर खाने के लिए उच्च प्रोटीन वाले आहार खाने का सुझाव देते हैं। अभिनेता कृत्रिम प्रोटीन की तुलना में नेचुरल प्रोटीन स्रोतों पर अधिक निर्भर रहने को सलाह देते हैं। वह खाने के लिए उबली हुई सब्जियां, दालें, चपाती और सलाद या स्प्राउट्स खाते हैं, ताकि यह आसानी से पच जाए। 7. फिक्‍स होता है खाने का समय आपकी बॉडी के लिये सही डाइट का होना काफी जरुरी है जो कि न्‍यूट्रिशस हो। जिससे आप केवल सही डाइट ही लें। आपको सही समय पर ही खाना चाहिये ना कि देर रात से डिनर और लंच होना चाहिये। इससे आपका मोटापा और दिल की समस्‍याएं बढ़ सकती हैं। 8. बाहरी गतिविधियां जिम जाने के अलावा, रणवीर खुद को बाहरी गतिविधियों में शामिल करना पसंद करते हैं। खुद को flexible रखने के लिये वे साइकिल चलाने से लेकर स्‍विमिंग और अन्‍य आउट डोर एक्‍टिविटी वाले खेल खेलते हैं। 9. शराब से बचें रणवीर शराब नहीं पीते हैं जिससे उनकी इतनी अच्‍छी बॉडी इतने कम समय में आराम से बन गई। शराब से इम्‍यून सिस्‍टम कमजोर बनता है और इससे वर्कआउट का प्रभाव भी कम होता है। इसलिये अगर आपको मन चाहा रिजल्‍ट चाहिये तो शराब पीना भूल जाइये। 10. वीकेंड्स पर खाते हैं मीठा रणवीर को अपनी इस दमदार बॉडी को बनाने के लिये काफी कड़ी डाइट से गुजरना पड़ा। जिसके लिये उन्‍होंने शक्‍कर का भी काफी दिनों तक त्‍याग किया। लेकिन रणवीर अब वीकेंड्स पर मीठा खा ही लेते हैं। वह सभी को हफ्ते में एक बार चीट डे में अपने मन पसंद चीज़ को खाने की एडवाइस देते हैं। लेकिन फिर उसे दूसरे दिन बर्न करने की सलाह भी देते हैं। English summary Ranveer Singh's Diet And Fitness Tips For A Perfect Chiselled Body Ranveer Singh is the most famous celebrity in Bollywood and his steel body is to die for. Check out Ranveer Singhs diet and fitness tips for a perfect chiselled body. Story first published: Wednesday, January 24, 2018, 17:02 [IST]

सर्दियों में DRY SKIN के लिये बड़े ही अच्‍छे हैं ये घरेलू स्‍क्रब

Wednesday, January 24 2018

सर्दियों में DRY SKIN के लिये बड़े ही अच्‍छे हैं ये घरेलू स्‍क्रब

» सर्दियों में DRY SKIN के लिये बड़े ही अच्‍छे हैं ये घरेलू स्‍क्रब सर्दियों में DRY SKIN के लिये बड़े ही अच्‍छे हैं ये घरेलू स्‍क्रब Body Care Published: Wednesday, January 24, 2018, 11:25 स्क्रबिंग एक ब्‍यूटी रिजाइम है, जिससे अब तक लोग अनजान हैं। हम में से बहुत से लोंगो को यह पता ही नहीं है कि यह जरुरी क्यों है। सर्दियों में स्‍क्रबिंग करना काफी जरुरी हो जाती है क्‍योंकि इससे आपकी डेड स्‍किन हटती है और नई स्‍किन सामने आती है। इससे आपकी स्‍किन में ब्‍लड सर्कुलेशन होता है और स्‍किन चमकदार बनती है। आज हम आपको कुछ ऐसे घरेलू स्‍क्रब बनाना सिखाएंगे जिसे आप सर्दियों में प्रयोग कर सकती हैं। 1. शहद और नमक स्‍क्रब सामग्री- 1 टीस्‍पून शहद 2 टीस्‍पून सी सॉल्‍ट 3-4 बूंद एसेंशियल ऑयल बनाने की विधि - इन सभी सामग्रियों को एक साथ मिक्‍स कर लीजिये और प्रभावित एरिया पर लगाइये। आप इसे शरीर के पूरे हिस्‍से पर भी लगा सकती हैं। फिर इससे गोलाई में मसाज कीजिये। कुछ मिनट के बाद किसी माइल्‍ड सोप से धो लीजिये। कितनी बार करें प्रयोग: इस स्‍क्रब को हफ्ते में तीन बार यूज़ किया जा सकता है। 2. नारियल तेल और शक्‍कर सामग्री- ½ कप नारियल तेल ½ कप दरदरी शक्‍कर बनाने की विधि- इन दोंनो चीजों का पेस्‍ट बनाएं। अपनी स्‍किन को साफ कर लें और फिर यह पेस्‍ट लगा कर अच्‍छी तरह से स्‍क्रब करें। फिर इसे गुनगुने पानी से कुछ देर के बाद धो लें। कितनी बार करें प्रयोग: इस स्‍क्रब को हफ्ते में तीन बार यूज़ किया जा सकता है। 3. एवाकाडो और बादाम सामग्री: 1 पका हुआ एवाकाडो 1/3 कप मसला हुआ बादाम ½ ग्राम ओटमील बनाने की विधि - सभी सामग्री को एक साथ मिला लें। फिर इसे प्रभावित क्षेत्रों में धीरे धीरे स्‍क्रब करना शुरु करें। कुछ देर के बाद इसे पानी से धो लें। कितनी बार करें प्रयोग: इस स्‍क्रब को हफ्ते में दो बार यूज़ किया जा सकता है। 4. कॉफी स्‍क्रब सामग्री: ¼ कप पिसी हुई कॉफी ¼ कप चीनी 2 चम्‍मच जैतून का तेल विटामिन ई तेल के 3 केप्‍सूल बनाने की विधि - सभी सामग्री को एक साथ मिलाएं। आपकी त्वचा को धो कर इस पेस्ट को लगाएं। प्रत्येक भाग में इससे एक मिनट या दो के लिए मालिश करें। बाद में गुनगुने पानी का उपयोग कर के शरीर को धो लें। कितनी बार करें प्रयोग: इस स्‍क्रब को हफ्ते में तीन बार यूज़ किया जा सकता है। 5. एपसॉम सॉल्ट बॉडी स्क्रब सामग्री: 1 कप एपसॉम नमक जोओबाआ तेल के 3 बूंदें पसंद के आवश्यक तेल की 2 बूंदें बनाने की विधि- जब तक सारी सामग्रियां एक दूसरे के साथ अच्‍छी तरह से मिल ना जाएं तब तक सभी सामग्रियों को मिला लें। अब प्रभावित क्षेत्रों में इसे लगाएं और अच्‍छी तरह से रगड़ें। कितनी बार करें प्रयोग: सर्वोत्तम परिणामों के लिए, सप्ताह में दो बार इसका उपयोग करें। 6. दही का स्‍क्रब सामग्री- 1 टीस्‍पून दही ¼ कप जैतून तेल 1 टीस्‍पून शहद 3 टीस्‍पून शक्‍कर बनाने की विधि- इन सभी सामग्रियों को मिक्‍स करें और प्रभावित एरिया पर लगा कर मसाज करें। मसाज आपको गोलाई में करना है। कोशिश करें कि इसे कुछ मिनट के बाद धो लें। कितनी बार करें प्रयोग: सर्वोत्तम परिणामों के लिए, सप्ताह में तीन बार इसका उपयोग करें।

1 दिन में जूँ और लीख भगाने के घरेलू उपचार

Thursday, January 25 2018

1 दिन में जूँ और लीख भगाने के घरेलू उपचार

Published: Thursday, January 25, 2018, 10:08 सिर की जुओं से बच्‍चे अक्‍सर परेशान रहते हैं क्‍योंकि वह स्‍कूल जाते हैं और वहां किसके सिर में जुएं पड़ी हों, इसका पता ही नहीं चल पाता। एक बार सिर में अगर जुएं पड़ गईं तो समझ लीजिये कि आप और आपके बच्‍चे दोंनो का ही जीना हराम हो जाएगा। जुएं एक सिर से दूसरे सिर पर काफी तेजी से फैलती हैं। सिर में जुएं होने के सबसे आम लक्षण हैं सिर में खुजली और सिर में लाल चकत्तों का होना। जुएं एक बार सिर में आ जाने के बाद काफी तेज़ी से बढ़ते हैं अतः कुछ दिनों में इन्हें निकाल पाना संभव नहीं हो पाता। आइये जानते हैं कि प्राकृतिक तरीके से सिर की जुएं को कैसे निकाला जा सकता है। 1. प्‍याज का रस लगाएं प्‍याज की जहरीली बदबू कई तरह के घरेलू उपचारों में काम आती है। इसी तरह से यह जुएं को भी दूर कर सकती है। सामग्री- 1 बड़ा प्‍याज 1 बड़ी सी कंघी बनाने की विधि - प्‍याज को घिस लें और उसे मलमल के कपड़े में डाल कर निचोड़ लें और उसका जूस निकाल लें। इस जूस को सिर पर लगााएं और उसकी मसाज करें। यह आपके बालों की जड़ो तक जरुर जाना चाहिये। इसके बाद एक शावर कैप पहने और बाद में बालों को गरम पानी से धो लें। बाद में कंघी की मदद से अपने बालों को झाड़ें और जुंए को निकालें। कितनी बार प्रयोग करें: इस नुस्‍खे को हफ्ते में दो बार प्रयोग करें। 2. नींबू का रस नींबू एक नेचुरल disinfectant है जो कि जुओं को सफोकेट कर देगा और उन्‍हें बाल छोड़ने के लिये मजबूत कर देगा। सामग्री- 1 बड़ा नींबू बनाने की विधि - नींबू का रस निकालें और सीधे उसे सिर पर लगा लें। एक शावर कैप पहनें और इसे एक घंटे के लिये लगाए रखें। बाद में जुएं वाली कंघी की मदद से सिर के जुएं निकालें। कितनी बार प्रयोग करें: इस विधि को हफ्ते में 2 बार प्रयोग करें। 3. लहसुन और नींबू का पेस्‍ट लहसुन की तेज़ गंध जुओं को सांस लेने से रोककर उन्हें ख़त्म कर देती है। सामग्री- 3 चम्‍मच नींबू का रस प्रयोग करने की विधि- लहसुन और नींबू के रस का पेस्ट बनाएं। इसे सिर पर लगाएं और 1 घंटे में गर्म पानी से धो दें। एक और तरीके के अनुसार लहसुन को खाना बनाने वाले तेल, नींबू के रस, ग्रीन टी और थोड़े शैम्पू के साथ मिलाएं। इस मिश्रण को अपने सिर पर लगाएं और तौलिये या शावर कैप द्वारा 30 मिनट तक सिर को ढककर रखें। इसके बाद शैम्पू कर लें। 4. नमक और सिरका यह निर्जलीकरण प्रक्रिया द्वारा सर से जुओं को हटाता है। सिरके से लीख भी कम हो जाती हैं। सामग्री-

DSVV signed an MOU with the Divine Values School, Ecuador, South America

Thursday, January 25 2018

DSVV signed an MOU with the Divine Values School, Ecuador, South America

Home | DSVV signed an MOU with the Divine Values School, Ecuador, South America DSVV signed an MOU with the Divine Values School, Ecuador, South America January 25, 2018 Collaborations Comments Off on DSVV signed an MOU with the Divine Values School, Ecuador, South America A Memorandum of Understanding (MoU) has been signed between the Divine Values School, Ecuador, South America and the Dev Sanskriti Vishwavidyalaya (DSVV). This is a step further by DSVV towards the expansion of Indian Culture. The MOU was jointly signed by Victor Rivero , the Director General of the Divine Values School, and Dr. Chinmay Pandya , the Pro-Vice Chancellor of DSVV. The understanding would encourage academic exchanges between the two Institutions besides encouraging the mutual exchange of students and teachers at various levels of program in Ayurveda, Yoga, Psychology, Vedic Science, technology and research, scientific and academic supporting programs. On the occasion, Dr. Chinmay Pandya expressed that the contract would help in the expansion of various elements of Ayurveda, Yoga and Indian culture in South America and many other countries. He further said that this will not only facilitate the mutual exchange of experts, teachers, students of the academic sector, but will also help in the organization of seminars, conferences, training programs, symposiums, etc. in accordance with mutual cooperation and convenience. The Director General of the Divine Value School, Ecuador, Victor Rivero , said that it is a matter of great fortune that through the contract they would get deeper knowledge of Ayurveda, Yoga, Vedic Sciences and other related subjects. These subjects are not only taught in DSVV, but can also be witnessed in the practical lives of people living here. They were all overwhelmed with the divine atmosphere of the University. He expressed that the contract would provide them with better knowledge in the field of research. Prior to this, the team from Divine Values School, Ecuador participated in the International Workshop organized on Ayurveda and Vedic Sciences . The workshop was conducted from 1 st to 13 th January, 2018, and introduced the South American team to the various subjects related to Ayurveda . The team also took advantage of the spiritual environment of DSVV by participating in regular yoga practice, yagya and meditation. This understanding would help the Divine Values School, Ecuador, to regularly associate with the activities of DSVV, which in turn would help in regular spreading of the Indian Culture. डिवाइन वैल्यू स्कूल, इक्वेडर, दक्षिण अमेरिका एवं देसंविवि के मध्य एमओयू हस्ताक्षर हुए। भारतीय संस्कृति विस्तार कार्यक्रम के अंतर्गत देसंविवि ने एक और कदम बढ़ाया। डिवाइन वैल्यू स्कूल, दक्षिण अमेरिका के महानिदेशक विक्टर रिवैरो एवं देसंविवि के प्रतिकुलपति डाॅ. चिन्मय पण्ड्या ने इस एमओयू पर संयुक्त हस्ताक्षर किये। इस एमओयू से देसंविवि एवं डिवाइन वैल्यू स्कूल के मध्य शैक्षणिक आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही आयुर्वेद, योग, मनोविज्ञान, वैदिक ज्ञान-विज्ञान, तकनीक, शोध, वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक सहयोग कार्यक्रमों में विद्यार्थियों एवं शिक्षकों का विभिन्न स्तर पर परस्पर आदान-प्रदान सम्भव होगा। इस अवसर पर डाॅ. चिन्मय ने कहा की इस अनुबंध से आयुर्वेद, योग एवं भारतीय संस्कृति के विभिन्न तत्वों का दक्षिण अमेरिका एवं कई अन्य देशों तक विस्तार होगा। उन्होंने कहा कि इस अनुबंध से शैक्षणिक क्षेत्र के विशेषज्ञों, शिक्षकों, विद्यार्थियों का आदान-प्रदान संभव होगा, साथ ही सेमिनार, सम्मेलन, ट्रेनिंग कार्यक्रम , संगोष्ठियों, पाठ्यक्रम आदि आपसी सहयोग एवं सुविधा के अनुसार आयोजित किया जाएगा। डिवाइन वैल्यू स्कूल, इक्वेडर, दक्षिण अमेरिका के महानिदेशक विक्टर रिवैरो ने कहा कि आज बड़े सौभाग्य का दिन है इस अनुबंध से हम आयुर्वेद, योग, वैदिक ज्ञान-विज्ञान आदि को गहराई से जान पायेंगे। देसंविवि में ये सभी विषय पढ़ने-पढ़ाने के साथ-साथ यहां लोगों के व्यावहारिक जीवन में भी देखने को मिलता है। हमसब देसंविवि के दिव्य वातावरण से अभिभूत हंै। यह अनुबंध शोध के क्षेत्र में हमें बेहतर ज्ञान प्रदान करेगा। इससे पूर्व डिवाइन वैल्यू स्कूल, इक्वेडर, दक्षिण अमेरिका से आए दल ने आयुर्वेद एवं वैदिक विज्ञान पर आयोजित अन्तरराष्ट्रीय कार्यशाला में सम्मिलित हुए।1 से 13 जनवरी 2018 तक चले इस सेमिनार में दक्षिण अमेरिकी दल को आयुर्वेद के जुड़े विभिन्न विषयों से अवगत कराया गया। इसके अलावा नियमित योगाभ्यास, यज्ञ, ध्यान आदि के माध्यम से उन्होंने आध्यात्मिक वातावरण का लाभ उठाया। अनुबंध के माध्यम से डिवाइन वैल्यू स्कूल देसंविवि के गतिविधियों से नियमित रुप से जुड़ा रहेगा जिससे भारतीय संस्कृति के प्रचार प्रसार का नियमित क्रम जारी रहेगा।

Two students from DSVV will participate in the Main Republic Day Parade

Thursday, January 25 2018

Two students from DSVV will participate in the Main Republic Day Parade

Home | Two students from DSVV will participate in the Main Republic Day Parade Two students from DSVV will participate in the Main Republic Day Parade January 25, 2018 Campus News Comments Off on Two students from DSVV will participate in the Main Republic Day Parade Four students from the Uttarakhand state have been selected for the main Republic parade to be held on the Republic Day at Delhi. Like the last three years, this year too, two students from DSVV, Kamal Rani and Ritesh Kumar , have been selected for this great event. They will take part in the training sessions to be held from January 1 to January 25, and finally would participate on January 26 in the main Republic Day Parade at Delhi’s Rajpath . Prior to this event, the above DSVV students demonstrated their excellent performance at Agra. They also demonstrated a number of creative programs on Uttarakhand C ulture. Honorable Chancellor of the university, Dr. Pranav Pandya , congratulated the students and the program officers, coordinators and the entire team of National Service Scheme (NSS) for this great achievement. The Pro-Vice Chancellor, Dr. Chinmay Pandya , also conveyed his best wishes to the students and the entire NSS Team. According to the honorable Pro-Vice Chancellor, the achievement at the national level, consecutively for the fifth year in a row, has added glory to the Uttarakhand state. He further spoke that the excellent performance in the parade displays their excellent physical and mental efficiency. The atmosphere and the teachers of the University inspire everyone to be talented. The NSS coordinator, Dr. Arunesh Parashar , said that this is a big achievement for the University. This is the result of the hard work of the students and their continuous participation in the parade practice sessions. The students were congratulated for this great achievement by the Program Coordinator / Program Officer of the National Service Scheme and the entire team. दिल्ली में गणतंत्र दिवस पर होने वाले मुख्य परेड में उŸाराखंड के चार विधार्थियों का चयन हुआ । विगत तीन वर्षो की भांति इस वर्ष भी देव संस्कृति विश्वविधालय से 2 विद्यार्थियों कमल रानी,रितेश कुमार का चयन हुआ है। यह 1 से 25 जनवरी के बीच परेड की टेªनिंग लेकर 26 जनवरी को दिल्ली के राजपथ पर मुख्य परेड का हिस्सा होगें। प्रस्तुत परेड के पूर्व देव संस्कृति विश्वविधालय के उक्त छात्रों द्वारा आगरा में भाग लेकर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया है। उŸाराखंड की संस्कृति को लेकर भी इनके द्वारा कई रचनात्मक कार्यक्रम किए गये। देव संस्कृति विश्वविधालय के कुलाधिपति डाॅ. प्रणव पंडया ने इन छात्र-छात्राओं एवं राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी, समन्वयक एवं पूरी टीम को इस बडी उपलब्धि के लिए बधाई दी एवं विधार्थियों का मार्गदर्शन किया। प्रतिकुलपति डाॅ. चिन्मय पंडया ने भी विधार्थियों व पूरी राष्ट्रीय सेवा योजना टीम को बधाई दी। डाॅ. पंडया के अनुसार लगातार पंाचवे वर्ष में देव संस्कृति विश्वविधालय का राष्ट्रीय स्तर पर इस तरह के प्रदर्शन से उŸाराखंड राज्य का गौरव बढा है। परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन शारीरिक एवं मानसिक दक्षता को प्रदर्शित करता है। विश्वविधालय के शिक्षक एवं यहाँ का वातावरण सभी को प्रतिभाशाली बनाने हेतु प्रेरित करता है। राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक डाॅ. अरुणेश पाराशर ने बताया की यह देव संस्कृति विश्वविधालय की बड़ी उपलब्धि है। यह छात्र-छात्राओं का निरंतर परेड अभ्यास में भाग लेना व उनकी कड़ी मेहनत का फल है। राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम समन्वयक /कार्यक्रम अधिकारियों व पूरी टीम की तरफ से उनको इस उपलब्धि के लिए बधाई दी गई । इस अभ्यास शिविर में सुबह से लेकर शाम तक विभिन्न प्रकार के कार्यक्रम होगे। इन कार्यक्रमों में विभिन्न तरह की परेड,विभिन्न कमान्ड,सभी राज्यों से सम्बंधित सांस्कृतिक कार्यक्रम,संवाद कार्यक्रम,नाटक,गीत इत्यादि होगें।इसी क्रम में तत्काल में ही देव संस्कृति वि0वि0की छात्रा कमलरानी द्वारा इंडिया टूडे चैनल ‘परेड के संदर्भ में’ अपना इंटरव्यू दिया गया है।

A New Beginning for Environment Conservation by Gardening on Rooftops

Thursday, January 25 2018

A New Beginning for Environment Conservation by Gardening on Rooftops

Home | A New Beginning for Environment Conservation by Gardening on Rooftops A New Beginning for Environment Conservation by Gardening on Rooftops January 25, 2018 Campus News Comments Off on A New Beginning for Environment Conservation by Gardening on Rooftops Innovative Experiments on Environmental Awareness are, periodically, carried out at Shantikunj and the Dev Sanskriti Vishwavidyalaya (DSVV). In this context gardening, plantation along with several types of mini gardens are also installed, which convey the message of Greenery Promotion for the environment. The environment protection can be seen as an act of service, art, science or management. In addition to Shantikunj and DSVV, many members associated with Gayatri Pariwar have also expressed their interest in this kind of work, as a result of which a large number of people of a particular section have turned their rooftops green. Various types of small plants have been planted in which papaya, lemon, pomegranate, strawberry, as well as spinach, fenugreek, coriander, mint, cauliflower, capsicum, tomato, brinjal, turmeric, beans, cucumber, ridge gourd, lady finger etc. are the main. The most important thing is that all the members have used only natural manure in this type of gardening. The waste collected by the falling leaves is also used as fertilizer. Read More... According to the members associated with the movement, such small farms on rooftops attract various species of creatures, birds, insects, etc., whose twitters and sounds of fluttering feathers provide us peace within. Speaking on the success of this campaign, Hon’ble Pro-Vice Chancellor, Dr. Chinmay Pandya , said that such gardening on roofs has a profound impact on the air, temperature, water surrounding the area; the environment also remains positive. He further spoke that many negative effects of urbanization can be removed by such green revolution on rooftops. There are many benefits of doing this gardening in a natural way. Many problems that arise due to toxic gases, chemical emissions and temperature rise, bad affects in air, water, etc. can be overcome by this revolution of green vegetation. In this connection, many respected members think that if the urban roof is turned into small garden, the person living in cities will ensure not only his health but also that of his entire family. Apart from this, it will also help in overcoming pollution, excessive temperature, wastage of rain water and other problems arising from over-urbanization. The involvement of the government in such a work, our awareness towards our responsibilities and duties will help the society to progress overall. पर्यावरण जागरूकता को लेकर शांतिकुंज एवं देव संस्कृति विश्वद्यालय में अभिनव प्रयोग होते रहते हैं। इस संदर्भ में बागवानी,पौधारोपण के साथ-साथ कई प्रकारकी वाटिकाऐं भी लगाई जाती है, जो पर्यावरण की दृष्टि से हरितिमा संवर्धन का संदेश देते है। पर्यावरण संरक्षण को सेवा,कला, विज्ञान या प्रबन्धन के रूप में देखा जा सकता है। उपरोक्त स्थल के अलावा इन सस्थानों से जुड़े कई सदस्यों ने भी इस कार्य में अपनी अभिरूचि दिखाई है, जिसके कारण एक बड़ें समूह वर्ग ने अपने छत को हरा भरा बनाया है। छत पर बागवानी को लेकर कई प्रकार के छोटे पौधे रोपे गए है जिसमें, पपीता, निम्बु, अनार, स्ट्रावेरी, जैसे फल के साथ-साथ पालक, मेथी, धनिया, पुदीना, गोभी, शिमलामिर्च, टमाटर, बैगन, हल्दी, सेम,ककड़ी तोरी, भिन्डी आदि मुख्य है। सबसे महत्वपूर्ण वात यह है कि सभी सदस्यगण इस बागवानी में प्राकृतिक खाद का ही इस्तेमाल करते है। इसके साथ ही जो इनकी पत्तियों का कूड़ा निकलता है वह खाद के रूप में इस्तेमाल हो जाता हैं। इस अभियान से सम्बन्धित बहुत से सदस्यगणों के अनुसार इस तरह के नन्हें खेतों में कई तरह के नन्हें प्राणी, पक्षी, कीट, इत्यादि आते रहते है, जिनकी चहचहाट आदि फड़फड़ाते पंखों की ध्वनि मन को आन्तरिक सुकुन प्रदान करती हैं। प्रस्तुत अभियान की सफलता पर माननीय प्रति-कुलपति डाॅ0 चिन्मय पड्ण्या ने कहा कि हरे-भरे छत के आस-पास की वायु, तापमान,जल आदि पर इस बागवानी का गहरा प्रभाव पडता है वातावरण भी सकारात्मक बना रहता है। डाॅ0 पड्ण्या के अनुसार अति शहरीकरण के कई नकारात्मक प्रभाव हरे-भरे छत से सुधारे जा सकते है। इस बागवानी को प्राकृतिक तरीके से करने के कई लाभ है। केमिकल से निकलने वाली गर्मी इत्यादि का विषैली गैसो एवं तापमान, हवा,पानी इत्यादि से संबंधित कई प्रकार की समस्याओं को हरी-भरी बगिया की इस क्रान्ति से दूर किया जा सकता है। इस सम्बन्ध में कई सम्मानित सदस्यगणों का सोचना है कि अगर शहरी छत, इस प्रकार हरा-भरा रहे तो हर शहर में रहने वाला व्यक्ति न केवल स्वतः एवं उसका परिवार भी स्वस्थ रहेगा। इसके साथ ही अति शहरीकरण से उत्पन्न हो रहे प्रदूषण, अधिक तापमान, वर्षाजल का अपवाह और अन्य कई समस्यायें दूर करने में मदद मिलेगी। इस कार्य में सरकार की भागीदारी एवं स्व जागरूकता से हमें अपने प्रति, अपने उत्तरदायित्वों का कर्तव्यबोध समाज प्रगति की ओर बढेगा।

मामूली न समझे बकरी के दूध को इसे पीने से मर्दों की बढ़ती है सेक्‍स पॉवर..

Thursday, January 25 2018

मामूली न समझे बकरी के दूध को इसे पीने से मर्दों की बढ़ती है सेक्‍स पॉवर..

तंदुरुस्‍ती » मामूली न समझे बकरी के दूध को इसे पीने से मर्दों की बढ़ती है सेक्‍स पॉवर.. मामूली न समझे बकरी के दूध को इसे पीने से मर्दों की बढ़ती है सेक्‍स पॉवर.. Wellness 9:00 दूध पीना हमारी दिनभर की जरुरी खुराकों में से एक है। ये हमारे शरीर के विकास के साथ साथ ही हडि्डयों के लिए बेहद जरुरी है। आमतौर पर लोग रोजाना गाय या भैंस का दूध पीते है। गाय और भैंस के दूधों के अलावा बकरी का दूध भी हमारे लिए बहुत फायदेमंद होता है। खासकर उन पुरुषों के लिए जो यौन इच्‍छा शक्ति की कमी से परेशान हैं। इसके अलावा बकरी का दूध सेहत के लिए और बच्‍चों के शारीरिक विकास के लिए खूब फायदेमंद होता है। गाय और भैंस की दूध की तरह बकरी दूध में भी कई पौष्टिक तत्‍व होते हैं। आइए जानते है बकरी के दूध पीने के क्‍या चमत्‍कारी फायदें हैं। सेक्‍सअुल पॉवर बढ़ाने के लिए हालांकि, बकरी के दूध को पीने के तरीके अलग अलग है। जिस पुरुष को सेक्सुअल पॉवर की कमी महसूस होती है वो 7 या 8 खजूरों को बकरी के ताजा दूध जो उबाला न गया हो उसमें डाल कर रातभर छोड़ दें और सुबह उठकर उन सभी खजूर को चबा-चबाकर खाये। उसके बाद उस दूध को पी लें। यौन शक्ति में इजाफा ऐसा कुछ दिनों तक लगातार करते रहने से उनके यौन-शक्ति में बहुत जल्दी इजाफा हो जाएगा और साथ ही उनकी नपुसंकता भी धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगी। इसके अलावा भी बकरी के दूध के कई फायदे है। जो लोग लगातार बकरी का दूध पीते है तो उनका कोलेस्ट्रोल बैलेंस रहता है जिससे उनमे हार्ट अटैक का खतरा नहीं रहता है। आंतों की सूजन कम रिसर्च में पता चला है बकरी का दूध पीने से आंतों की सूजन कम होती है। रोजाना बकरी का एक ग्लास दूध पीना सेहत के लिए काफी फायदेमंद होता है। हडि्डयां होती है मजबूत कैल्शियम की कमी के कारण हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। बकरी का दूध पीने से कैल्शियम की कमी पूरी होती है, और इससे हड्डियां मजबूत होती हैं। इम्‍यून सिस्‍टम बढ़ता है जो बॉडी के प्रतिरक्षा शक्ति को बढ़ाने में मददगार होता है। कई डॉक्टर बच्चों को इसके सेवन का सुझाव देते है। इसके दूध में भारी मात्रा में कैल्शियम होता है जिससे हड्डियां मजबूत होती है और बच्चा जल्द चलने लगता है। इसके अलावा बकरी के दूध में 35 प्रतिशत तक फैटी एसिड मौजूद होता है जो शरीर के लिए बहुत ज्यादा फायदेमंद होता है। ब्‍लड प्रेशर होता है कम बकरी के दूध पीने वाले व्यक्ति का ब्लड प्रेशर भी नियंत्रित रहता है क्योंकि बकरी के दूध में पोटेशियम का स्तर काफी ज्यादा होता है जो ब्लड प्रेशर को कम या ज्यादा होने से रोकती है। इसके अलावा बकरी के दूध में सेलेनियम नामक एक मिनरल पाया जाता है प्रोटीन के लिए प्रोटीन शरीर के विकास और ग्रोथ के लिए आवश्यक होता है, और बकरी का दूध प्रोटीन के लिए सबसे उपयुक्त है। अगर चाहते हैं बच्चों की ग्रोथ सही से हो और उन्हें प्रोटीन सही मात्रा में मिले इसके लिए सबसे अच्छा विकल्प बकरी का दूध English summary Goat Milk is Best for Increasing Sex Drinking a glass of Goat milk everyday can help you to maintain a steady sexual drive and prevent any sort of interruption in your conjugal life. 9:00 [IST]