अब तो विज्ञान भी मान गया भांग लेने से होते हैं ये 10 औषधीय फायदे

भांग का नाम सुनते ही हम नाक-भौं सिकोड़ने लगत हैं क्‍योंकि हम इसे तुरंत ही नशे से जोड़ लेत हैं। वहीं दूसरी ओर भांग शिवरात्री में भगवान शिव को चढ़ाने के लिये भी उपयोग किया जाता है क्‍योंकि हमारा माना है कि इससे शिव जी तुरंत प्रसन्‍न हो जाएंगे।



भाग का उपयोग होली में ठंडाई बनाने के लिये भी प्रयोग होता है। भांग पीकर रंग खेलने का मजा ही अलग है। भांग को नशे से तो हर कोई जोड़ता है लेकिन क्‍या आप जानते हैं कि भांग को दवाई के रूप में भीकाफी ज्‍यादा प्रयोग किया जाता है?
जी हां, अगर आप भांग को अति से ज्‍यादा लेते हैं तो जाहिर सी बात है कि यह आपको नुकसान पहुंचाएगा। लेकिन इसकी सही डोज़ आपको हजार बीमारियों से भी बचाएगी।
भांग के पौधों में केनाबिनोल नामक रसायन पाया जाता है। भांग कफ बनने से रोकता है एवं पित्तकोपक भी होता है। इसकी पुष्टि विज्ञान भी कर चुका है।


1. कान का दर्द


यदि कान में दर्द हो रहा हो तो भांग की पत्‍तियों को पीस कर उसका रस निकाल लें और उसमें रूई भिगो कर कान में दबा कर लगाने कान के दर्द मे काफी आराम मिलता है।



2. योनि का ढीलापन


अच्‍छी क्वालिटी की भांग को पीसकर छान लीजिये। फिर कपड़े में इसकी पोटली बांधकर योनि में रख लीजिये। इससे ढीली योनि पहले जैसे ही हो जाती है।



3. मासपेशियो के दर्द को कम करे


भांग में एंटी इंफ्लेमेटरी गुण होता है जो मासपेशियों में दर्द होने की वजह से सूजन को कम करता है।



4. मिर्गी का रोग


रिसर्च में यह साबित किया गया है कि गांजे में मिलने वाले तत्व मिर्गी के अटैक को टाल सकते हैं। यह शोध साइंस पत्रिका में भी छपा। रिपोर्ट के मुताबिक कैनाबिनॉएड्स कंपाउंड इंसान को शांति का अहसास देने वाले मस्तिष्क के हिस्से की कोशिकाओं को जोड़ते हैं।



5. इम्‍यून सिस्‍ट को मजबूती दे


उम्र के साथ साथ हमारा इम्‍यून सिस्‍टम कमजोर पड़ जाता है जिससे हमें तमाम तरह की बीमारियां घेरने लगती हैं। इससे अंगों में इंफेक्शन फैल जाता है। भांग में मिलने वाला THC, संक्रमण फैलाने के लिए जिम्मेदार मॉलिक्यूल का डीएनए बदल देता है। तब से ऑटोएम्यून के मरीज भांग की खुराक लेते हैं।



6. बुखार


बुखार होने पर अगर आप सीमित मात्रा में भांग का सेवन करते हैं तो ये बुखार के सारे लक्षणों को कम करने के साथ शरीर के ताप को कम करने में पूरी मदद करता है।



7. अर्थराइटिस का दर्द


हमने आर्टिकल के शुरुआत में भी बताया है कि भांग कक एंटी इंफ्लेमेटरी पौधा है जिसके पत्‍तों को लगाने से गठिया दृारा सूजन और दर्द को कम करने मे मदद मिलेगी।




8. अंडकोषों की सूजन


भांग के गीले पत्तों की पोटली बनाकर अंडकोषों की सूजन पर बांधना चाहिए। अगर आप ऐसा ना कर पाएं तो सूखी भांग को पानी में उबालकर बफारा देने से अंडकोषों की सूजन उतर जाती है।



9. कैंसर


क्‍या आप जानते हैं कि भांग कैंसर से लड़ने में सक्षम है? कैंसर की एक वेबसाइट cancer.org के मुताबिक कैनाबिनॉएड्स तत्व कैंसर कोशिकाओं को मारने में सक्षम हैं। यह ट्यूमर के विकास के लिए जरूरी रक्त कोशिकाओं को रोक देते हैं। यह कोलन कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर और लिवर कैंसर का सफल इलाज कर सकती है।



10. दस्‍त


यदि आपको लगातार दस्‍त हो रहे हैं तो भांग, शुंठी और जीरे को एक सीमित मात्रा में ले कर अच्छी तरह एक साथ पीसकर और छानकर रख लें। इस चूर्ण को खाना खाने से पहले 1-2 चम्मच चाट लें। यह प्रयोग 40 दिन तक सुबह-शाम करने से पुरानी से पुरानी संग्रहणी नष्ट हो जाती है।
नोट: भांग के इन फायदों के बावजूद एक बात का ध्यान रखें कि इसको कभी भी खाली पेट न पीयें और नमकीन स्नैक्स के साथ खायें। अगर आपको इसे लेने के तरीके मे कोई शक हो तो डॉक्‍टर की सलाह जरुर लें।