आखिर किन-किन कारणों से होती है कब्‍ज, जान लेंगे तो बच जाएंगे

जिंदगी में हर किसी को कभी न कभी कब्‍ज जरुर होती है। सुबह अगर ठीक से पेट साफ ना हो तो पूरा दिन खराब चला जाता है। कब्‍ज होने का मतलब है कि स्‍टूल पास करने में परेशानी होना। कब्‍ज एक ऐसी परेशानी है जिसमें पाचन तंत्र खराब हो जाता है। जिसके कारण से वह जो खाता है उसे ठीक तरीके से पचा नहीं पाता।

डॉक्‍टर के पास जाने से पहले आपको कब्‍ज की बीमारी का कारण जरुर पता लगा लेना चाहिये। कब्ज की समस्या शरीर में कमजोरी, हाईपोथायराइड या पर्याप्त मात्रा में पानी न पीने, आदि के कारण भी सकती है।

यदि आप बहुत ज्‍यादा दवाइयों का सेवन करते हैं तो यह उसके कारण भी हो सकती है। पर जाने-अनजाने कुछ ऐसे भी कारण हैं जिसके बारे में हम नहीं जानते।

आज हम आपको ऐसे ही कारणों के बारे में बताएंगे, जिसके कारण से आपको कब्‍ज की बीमारी होती है। साथ में इसे दूर करने के कुछ उपाय भी बताएंगे।
आइये जानिये इसके लिये क्‍या करना है:

पानी कम पीना


कब्‍ज होने का एक कारण है डीहाइड्रेशन। जब खाना हमारी छोटी आंत से बड़ी आंत में जाता है, तब पानी कम होने की वजह से हमारा स्‍टूल हार्ड हो जाता है, जिसकी वजह से इसे पास होने में दिक्‍कत आती है। इसलिये आपको दिनभर में 8 गिलास पानी जरुर पीना चाहिये।


वसा युक्‍त आहार


ऐसे आहार जिसमें काफी ज्‍यादा फैट होता है वह कब्‍ज को बढ़ा सकता है। आइये जानते हैं ऐसा कैसे होता है। आप जो आहार खाते हैं, उसमें से प्रोटीन और कार्ब सबस पहले पचता है लेकिन वसा को पचाने में थोड़ा समय लगता है। इससे पाचन क्रिया धीमी पड़ जाती है और कब्‍ज की शिकायत होने लगती है।


बहुत ज्‍यादा शराब पीना


आइये जानते हैं कि कब्‍ज पैदा करने में शराब का क्‍या योगदान है। शराब शरीर में डीहाइड्रेशन पैदा करती है, जिससे ग्‍लूकोज़ मेटाबॉलिज्‍म धीमा पड़ जाता है। इससे कब्‍ज होने लगती है।



कॉफी ज्‍यादा पीना


कैफीन से भी भयानक कब्‍ज होने के चांस होते हैं। इसे पीने के बाद आपको बार बार पेशाब लगती है और शरीर में पानी की कमी होती है। इसके साथ बड़ी आंत स्‍टूल से नमी को सोख लेता है, जिससे आपका स्‍टूल हार्ड हो जाता है। रिजल्‍ट के तौर पर आपको स्‍टूल पास करने में दिक्‍कत आने लगती है।



दवाइयो का सेवन


कुछ दवाइयां ऐसी होती हैं, जो व्यसकों में कब्ज की समस्या का कारण बन सकती हैं। वे लोग जो इन दवाओं का सेवन कर रहे हैं, उन्हें कब्स की शिकायद से बचने के लिये दिनभर में खूब सारा पानी पीना चाहिये। वहीं सीने में जलन पैदा होने पर अगर आप एंटासिड खाते हैं, तो भी कब्‍ज हो सकती है। क्‍योंकि इस दवाई में कैल्‍शियम और एल्यूमीनियम के घटक होते हैं। कब्‍ज से कैसे पाएं छुटकारा




हाई फाइबर वाले फूड खाएं


हाई फाइबर वाले फूड में घुलनशील फाइबर होते हैं। इन्‍हें खाने से आपकी कब्‍ज की समस्‍या में सुधार आएगा। आइये जानते हैं कैसे... हमारी बॉडी फाइबर को आसानी से नहीं पचा पाती, लेकिन यह स्‍टूल को मुलायम और नमी युक्‍त बना सकता है। इससे स्‍टूल को पास करने में आसानी आती है। ढेर सारा तरल पदार्थ पिएं
पानी ज्‍यादा पीने से कब्‍ज की समस्‍या से राहत मिलती है। कब्‍ज और डिहाइड्रेशन एक दूसरे के साथ जुड़े हए हैं। तो अगर आप बहुत ज्‍यादा पानी पिएंगे तो आपको कोलोन स्‍टूल से कम मात्रा में पानी सोखेगा। जिससे स्‍टूल का मॉइस्‍चराइज़र बना रहेगा और वह आराम से पास हो जाएगा।



व्‍यायाम


व्‍यायाम करने से आपकी कब्‍ज की समस्‍या ठीक हो सकती है। रोजाना 10-15 मिनट के लिये बिस्‍क वॉक करें जिससे आपक पेट का स्‍वास्‍थ्‍य बना रहे और पाचन क्रिया ना बिगड़े।



ढेर सारी सब्‍जियां भी खाएं


अगर आप ढेर सारी सब्‍जियां अपनी प्‍लेट मे शामिल करते हैं तो आपको कभी कब्‍ज नहीं होगा। जानिये कैसे? क्‍योकि सब्‍जियों में ढेर सारा फाइबर होता है जिससे स्‍टूल को निकालने में आसानी होती है। बीस, मटर और दाल आदि आपके गट हेल्‍थ को मजबूत करते हैं।